दमोह,: जिला जेल में धूमधाम से मनाई गई श्रीकृष्ण जन्माष्टमी, जीवंत झांकी ने मोहा मन

 








दमोह, 04 सितंबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के दमोह में शुक्रवार को जिला जेल में श्रद्धा और भक्ति के साथ जन्माष्टमी उत्सव मनाया गया। कार्यक्रम में जेल परिसर में भजन-कीर्तन, धार्मिक गीतों की प्रस्तुति, पूजन-अर्चन और भगवान श्रीकृष्ण के जन्म प्रसंग पर आधारित आकर्षक झांकी का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम की शुरुआत धार्मिक वातावरण के बीच हुई। जिला जेल परिसर में कलाकारों द्वारा भगवान श्रीकृष्ण की महिमा और भक्ति से जुड़े भजन एवं धार्मिक गीत प्रस्तुत किए गए। भजनों के दौरान जेल परिसर भक्तिमय वातावरण में डूब गया। इसके बाद विद्वान पंडितों द्वारा जेल परिसर में स्थित श्रीराम भक्त हनुमान की विशाल प्रतिमा के समीप मंत्रोच्चार के साथ विधि-विधान से पूजन-अर्चन कराया गया।

श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के अवसर पर भगवान श्रीकृष्ण के जन्म से लेकर उनके गोकुल पहुंचने तक की कथा को आकर्षक झांकी के माध्यम से जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया। झांकी में कंस के कारागार में भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का दृश्य दिखाया गया। इसके बाद पहरेदारों के बेहोश होने, कारागार के ताले टूटने और वासुदेव द्वारा बाल स्वरूप श्रीकृष्ण को टोकरी में बैठाकर सिर पर रखने तथा यमुना नदी पार कर गोकुल ले जाने के प्रसंग को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया।

झांकी के माध्यम से प्रस्तुत किए गए इन धार्मिक प्रसंगों ने उपस्थित बंदियों, जेल अधिकारियों और कर्मचारियों का मन मोह लिया। कार्यक्रम के दौरान जैसे ही भगवान श्रीकृष्ण के जन्म का प्रसंग प्रस्तुत किया गया, पूरा जेल परिसर ‘नंद के आनंद भयो, जय कन्हैया लाल की’ और ‘हाथी घोड़ा पालकी, जय कन्हैया लाल की’ के जयकारों से गूंज उठा।

जन्माष्टमी के इस आयोजन में बंदियों ने भी उत्साहपूर्वक भाग लिया। भजन-कीर्तन और झांकी के दौरान जेल परिसर का वातावरण पूरी तरह भक्तिमय नजर आया। जेल प्रशासन की ओर से धार्मिक पर्व को शांतिपूर्ण एवं श्रद्धापूर्वक मनाने के लिए आवश्यक व्यवस्थाएं की गई थीं।

जेल उप अधीक्षक मांगीलाल पटेल ने बताया कि मध्यप्रदेश सरकार के निर्देशानुसार जिला जेल में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी का आयोजन धार्मिक परंपराओं के अनुरूप किया गया। कार्यक्रम में पूजन-अर्चन, भजन-कीर्तन और भगवान श्रीकृष्ण के जन्म से जुड़े प्रसंगों पर आधारित झांकी प्रस्तुत की गई। उन्होंने कहा कि ऐसे धार्मिक एवं सांस्कृतिक आयोजनों से बंदियों में सकारात्मक वातावरण बनाने और आध्यात्मिक भावनाओं को बढ़ावा देने में मदद मिलती है।

कार्यक्रम के समापन के बाद बंदियों एवं उपस्थित लोगों को प्रसाद का वितरण किया गया। जेल उप अधीक्षक मांगीलाल पटेल ने जेल प्रशासन की ओर से दमोह जिले सहित प्रदेश और देशवासियों को श्रीकृष्ण जन्माष्टमी की शुभकामनाएं दीं और भगवान श्रीकृष्ण से सभी के जीवन में सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।

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हिन्दुस्थान समाचार / हंसा वैष्णव