दमोहः अवैध कनेक्शन काटने गई बिजली टीम पर हमला

 




दमोह, 20 फ़रवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के दमोह नगर के गढ़ी मोहल्ला क्षेत्र में शुक्रवार को बिजली चोरी के खिलाफ कार्रवाई करने गई विद्युत वितरण कंपनी की टीम पर स्थानीय लोगों द्वारा हमला किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है।

बताया गया है कि कार्रवाई के दौरान कर्मचारियों के साथ मारपीट, गाली-गलौज और पत्थरबाजी की गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शहर में कानून-व्यवस्था और विभागीय कार्रवाई को लेकर चर्चाओं का दौर तेज हो गया है।

लगातार मिल रहीं थीं बिजली चोरी और लाइन लॉस की शिकायतेंविद्युत मंडल के कार्यपालन अभियंता मोतीलाल साहू ने जानकारी देते हुए बताया कि गढ़ी मोहल्ला क्षेत्र से लगातार अवैध रूप से तार डालकर बिजली चोरी किए जाने तथा अत्यधिक लाइन लॉस की शिकायतें प्राप्त हो रही थीं। विभाग द्वारा पूर्व में भी चेतावनी दी गई थी, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं होने पर विशेष अभियान चलाया गया। शुक्रवार को विभाग की टीम कार्रवाई के लिए मौके पर पहुंची। टीम में कनिष्ठ अभियंता राजेश ब्यार, पूजा खोबरागढ़े, शिवानी गुप्ता, लाइनमैन गुरुदीप सिंह, शैलेंद्र तिवारी एवं हेमराज रजक शामिल थे।

कार्रवाई का हुआ तीव्र विरोध, कर्मचारियों पर बरसे पत्थरप्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार जैसे ही टीम ने अवैध कनेक्शन काटने और खुले तार हटाने की प्रक्रिया शुरू की, कुछ स्थानीय लोगों ने विरोध करना प्रारंभ कर दिया। देखते ही देखते स्थिति तनावपूर्ण हो गई। महिलाओं सहित कुछ लोगों ने कर्मचारियों को घेर लिया और उनके साथ धक्का-मुक्की एवं गाली-गलौज की। आरोप है कि कर्मचारियों पर पत्थरबाजी की गई और उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई। अचानक हुए हमले से टीम में अफरा-तफरी मच गई। कर्मचारी किसी तरह स्वयं को बचाते हुए वहां से निकले।

पूरी घटना कैमरे में कैदविभागीय कर्मचारियों ने घटना के दौरान मोबाइल से वीडियो रिकॉर्डिंग की। बताया जा रहा है कि वीडियो में पत्थरबाजी और हमले की पूरी स्थिति स्पष्ट दिखाई दे रही है। वीडियो वायरल होने के बाद मामले ने तूल पकड़ लिया है और विभागीय कर्मचारियों में आक्रोश व्याप्त है।

सिटी कोतवाली में दर्ज हुआ प्रकरणहमले के बाद पीड़ित कर्मचारी सिटी कोतवाली पहुंचे और घटना की लिखित शिकायत दर्ज कराई। नगर पुलिस अधीक्षक एच.आर. पांडे ने बताया कि मामले में 5 नामजद एवं 2 अज्ञात आरोपियों के खिलाफ विभिन्न धाराओं में प्रकरण पंजीबद्ध किया गया है। पुलिस द्वारा आरोपियों की पहचान और गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। अधिकारियों का कहना है कि दोषियों के विरुद्ध सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

विभाग ने कहा—अभियान जारी रहेगाविद्युत मंडल के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि बिजली चोरी रोकने का अभियान निरंतर जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि अवैध कनेक्शन न केवल राजस्व हानि का कारण बनते हैं, बल्कि दुर्घटनाओं और जनहानि का भी खतरा बढ़ाते हैं। विभागीय कर्मचारियों ने प्रशासन से सुरक्षा की मांग की है, ताकि भविष्य में कार्रवाई के दौरान ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।

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हिन्दुस्थान समाचार / हंसा वैष्णव