बीडीए विकास कार्यों, संपत्ति विक्रय और लंबित परियोजनाओं के कार्य में लाए तेजी : संभागायुक्त
भोपाल, 25 जुलाई (हि.स.)। भोपाल विकास प्राधिकरण (बीडीए) की प्राधिकरण कार्यालय में शनिवार को आयोजित समीक्षा बैठक में संभागायुक्त कर्मवीर शर्मा ने निर्देश दिए कि भोपाल विकास प्राधिकरण (बीडीए) विकास कार्यों, संपत्ति विक्रय और लंबित परियोजनाओं के कार्य में तेजी लाए।
उन्होंने कहा कि प्राधिकरण की सभी विक्रय योग्य संपत्तियों का 15 अगस्त से पहले विशेष आवासीय मेला आयोजित कर उनकी अधिकतम बिक्री सुनिश्चित की जाए। साथ ही बड़े आकार के भूखंडों को छोटे-छोटे प्लॉट में विभाजित करने की कार्ययोजना तैयार की जाए, ताकि मध्यम और आम बजट के खरीदार भी आसानी से संपत्ति खरीद सकें।
बैठक में संभागायुक्त शर्मा ने विभिन्न विकास कार्यों की प्रगति की समीक्षा की। बैठक में मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्याम वीर सिंह शाहिद सहित सभी संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। संभागायुक्त ने अधिकारियों को कहा कि सभी लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण सुनिश्चित किया जाए, जिससे विकास कार्यों में आ रही बाधाओं को शीघ्र समाप्त किया जा सके।
एआईसीटी योजना की समीक्षा के दौरान संभागायुक्त कर्मवीर शर्मा ने इसे एजुकेशन नालेज हब के रूप में विकसित करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने इस दिशा में विशेषज्ञों, शिक्षण संस्थानों और निवेशकों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए सेमिनार आयोजित करने के निर्देश भी दिए। साथ ही छोटे एवं मल्टी-कैंपस विश्वविद्यालयों के विकास की रणनीति बनाई जाएगी। योजना के अंतर्गत उच्च शिक्षा विभाग के साथ समन्वय कर विश्वविद्यालय स्थापना से जुड़े नियमों, पात्रता एवं नियामकीय प्रावधानों का अध्ययन किया जाएगा। निजी और विदेशी विश्वविद्यालयों की स्थापना, संचालन तथा उनके बीच संभावित शैक्षणिक सहयोग एवं (MoUs) के प्रावधानों की भी समीक्षा होगी।
बैठक में बताया गया कि स्कूली शिक्षा के क्षेत्र में ICSE एवं CBSE स्कूलों के लिए उपयुक्त भूमि की पहचान कर आरक्षण सुनिश्चित किया जाएगा। वहीं शहर और बाहरी क्षेत्रों में ब्रांडेड एवं गुणवत्तापूर्ण स्कूलों की स्थापना के लिए उपयुक्त स्थानों और नीतिगत आवश्यकताओं का भी विस्तृत अध्ययन किया जाएगा। बैठक में एयरोसिटी फेज-2 एवं रक्षा विहार-2 परियोजनाओं में विद्युत पोल शिफ्टिंग की प्रगति की समीक्षा करते हुए संबंधित विभागों के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य में तेजी लाने की बात कही गई।
मिसरोद विद्यानगर फेज-2 एवं फेज-3 तथा राजा भोज आवासीय योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए संभागायुक्त ने अधिकारियों से निर्धारित समय-सीमा में सभी अधोसंरचनात्मक एवं विकास कार्य पूर्ण करने को कहा। उन्होंने कहा कि नागरिकों को बेहतर आवासीय सुविधाएं उपलब्ध कराना प्राधिकरण की प्राथमिकता है। समीक्षा बैठक में विकास परियोजनाओं की प्रगति, संपत्तियों के प्रभावी विपणन और लंबित कार्यों के शीघ्र निष्पादन पर विशेष जोर दिया गया।
संभागायुक्त ने अधिकारियों को परिणामोन्मुखी कार्यशैली अपनाते हुए प्रत्येक परियोजना की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर