मध्य प्रदेश में भीषण गर्मी का दौर, मालवा-निमाड़ के 11 जिलों में चार दिन लू का अलर्ट, रतलाम सबसे गर्म

 




भोपाल, 13 मई (हि.स.)। मध्य प्रदेश में एक बार फिर भीषण गर्मी ने लोगों की परेशानी बढ़ा दी है। मौसम विभाग ने मालवा-निमाड़ क्षेत्र समेत इंदौर और उज्जैन संभाग के 11 जिलों में अगले चार दिनों तक लू चलने की चेतावनी जारी की है। वहीं भोपाल और नर्मदापुरम संभाग के कई इलाकों में भी हीट वेव का असर देखने को मिलेगा। राजधानी भोपाल में बुधवार सुबह से बादल छाए रहे।

मंगलवार को भी प्रदेश के कई जिले तेज गर्मी और लू की चपेट में रहे, जबकि निमाड़ क्षेत्र में मौसम ने अचानक करवट ली और तेज आंधी, बारिश के साथ ओलावृष्टि हुई। रतलाम प्रदेश का सबसे गर्म शहर रहा, जहां अधिकतम तापमान 46.5 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।

मौसम विभाग के मुताबिक प्रदेश में सक्रिय साइक्लोनिक सर्कुलेशन और टर्फ सिस्टम के कारण मौसम में बदलाव देखने को मिला। बालाघाट, सिवनी, दतिया, टीकमगढ़, धार, इंदौर, देवास, सीहोर, सागर, छिंदवाड़ा और रायसेन में मंगलवार को दिनभर उमस और तेज गर्मी रही, लेकिन शाम होते-होते कई इलाकों में मौसम बदला। निवाड़ी और बालाघाट में ओले गिरे, जबकि अन्य जिलों में आंधी और बारिश दर्ज की गई। भोपाल में तेज धूप के बीच बादलों की आवाजाही बनी रही और रात में कुछ स्थानों पर हल्की बूंदाबांदी भी हुई।

तापमान की बात करें तो रतलाम लगातार तीसरे दिन प्रदेश में सबसे गर्म रहा। धार में तापमान 44.5 डिग्री दर्ज हुआ। श्योपुर और शाजापुर में 44 डिग्री, खरगोन में 43.6 डिग्री, गुना में 43.3 डिग्री और सागर में 43.2 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। प्रदेश के बड़े शहरों में उज्जैन सबसे गर्म रहा, जहां पारा 44.4 डिग्री तक पहुंच गया। इंदौर में 43.6 डिग्री, भोपाल में 42.6 डिग्री, जबलपुर में 42 डिग्री और ग्वालियर में 41.5 डिग्री तापमान दर्ज किया गया।

मौसम विभाग ने बुधवार के लिए इंदौर, उज्जैन, रतलाम, राजगढ़, शाजापुर, झाबुआ, अलीराजपुर, धार, देवास, खरगोन, खंडवा और बुरहानपुर में लू का अलर्ट जारी किया है। इन जिलों में तापमान 45 डिग्री तक पहुंचने की संभावना जताई गई है। वहीं भोपाल, रायसेन, सीहोर, विदिशा, बड़वानी, मंदसौर, नर्मदापुरम, ग्वालियर, शिवपुरी, मुरैना, भिंड, जबलपुर, कटनी, सिवनी, रीवा, सतना, शहडोल, सागर, दमोह, छतरपुर और टीकमगढ़ समेत कई जिलों में तेज गर्मी का असर बना रहेगा।

गौरतलब है कि प्रदेश में 30 अप्रैल से आंधी-बारिश का सिलसिला शुरू हुआ था, जो 10 मई तक लगातार जारी रहा। पश्चिमी विक्षोभ, चक्रवात और टर्फ सिस्टम की सक्रियता के चलते मई के शुरुआती दिनों में कई जिलों में बारिश, आंधी और ओलावृष्टि हुई। हालांकि बुधवार के लिए मौसम विभाग ने कहीं भी बारिश का अलर्ट जारी नहीं किया है।

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हिन्दुस्थान समाचार / उम्मेद सिंह रावत