मप्र के सतना जिले समेत 4 जिलों में बाढ़ से बिगड़े हालात, आज 10 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

 




भोपाल, 30 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश में अगस्त के आखिरी दिनों में बारिश ने एक बार फिर कई इलाकों में बाढ़ जैसे हालात पैदा कर दिए हैं। शनिवार को छतरपुर, पन्ना, सतना और टीकमगढ़ में नदी-नाले उफान पर आ गए। मौसम विभाग ने आज रविवार को 10 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है।

मौसम केंद्र भोपाल के अनुसार, प्रदेश में सक्रिय लो प्रेशर एरिया (निम्न दाब क्षेत्र) के कारण बारिश का सिस्टम मजबूत हुआ है। इसके चलते शनिवार को कई क्षेत्रों में तेज बारिश हुई और नदी-नालों में जलस्तर तेजी से बढ़ा। चित्रकूट में गोरगी बांध टूटने के बाद मंदाकिनी नदी करीब 30 फीट ऊंचे उफान पर रही।

चित्रकूट के कई इलाकों में पानी भर गया। सतना-चित्रकूट मार्ग तीन जगह से बंद हो गया। तेज बहाव में रामघाट का बड़ा पुल बह गया, जबकि सतना में रेलवे ट्रैक और थाने तक पानी में डूब गए। कई मोहल्लों में नाव चलाकर लोगों को निकाला गया। रामघाट और भरतघाट पूरी तरह जलमग्न हो गए, जबकि घाट किनारे बनी करीब 400 दुकानें भी पानी में डूब गईं। पन्ना के कई गांवों का संपर्क भी प्रभावित हुआ। बाढ़ का पानी नयागांव राजमहल के अंदर तक पहुंच गया। कई लोग घरों और होटलों में फंस गए। सूचना मिलने पर एसडीआरएफ की टीमें रेस्क्यू ऑपरेशन में जुटी रहीं।

आज 10 जिलों में भारी बारिश का अलर्ट

रविवार को मऊगंज, सीधी, सिंगरौली, उमरिया, शहडोल, डिंडौरी, अनूपपुर, मंडला, सिवनी और बालाघाट में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया गया है। वहीं, भोपाल, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, विदिशा, इंदौर, धार, आलीराजपुर, बुरहानपुर, बड़वानी, खंडवा, खरगोन, झाबुआ, उज्जैन, नीमच, आगर-मालवा, मंदसौर, शाजापुर, देवास, रतलाम, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, ग्वालियर, गुना, शिवपुरी, दतिया, अशोकनगर, मुरैना, भिंड, श्योपुर, जबलपुर, कटनी, छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, पांढुर्णा, रीवा, सतना, मैहर, सागर, पन्ना, दमोह, छतरपुर, टीकमगढ़ और निवाड़ी में कहीं तेज तो कहीं हल्की बारिश होने की संभावना है।

अब तक 27 इंच बारिश, सामान्य से 2.7 इंच कम

मौसम विभाग के मुताबिक, मध्य प्रदेश में अब तक 694.5 मिमी यानी 27 इंच बारिश हो चुकी है। यह सामान्य बारिश 30 इंच (762.3 मिमी) के मुकाबले 2.7 इंच कम है। प्रदेश में अब तक कुल 9 प्रतिशत कम बारिश हुई है। पूर्वी हिस्से में सामान्य से 5 प्रतिशत, जबकि पश्चिमी हिस्से में 12 प्रतिशत कम बारिश दर्ज की गई है।

39 जिलों में 1 से 50 प्रतिशत तक कम बारिश

प्रदेश के पूर्वी हिस्से के जबलपुर, रीवा, सागर और शहडोल संभाग में सामान्य से 19 प्रतिशत तक कम बारिश हुई है। बालाघाट, छतरपुर, डिंडौरी, छिंदवाड़ा, दमोह, जबलपुर, कटनी, मैहर, मंडला, मऊगंज, नरसिंहपुर, निवाड़ी, पांढुर्णा, पन्ना, रीवा, सागर, सिवनी और टीकमगढ़ समेत जिलों में 1 प्रतिशत से 50 प्रतिशत तक कम बारिश दर्ज की गई है।

पश्चिमी हिस्से के आगर-मालवा, आलीराजपुर, अशोकनगर, बैतूल, दतिया, देवास, धार, हरदा, इंदौर, झाबुआ, मुरैना, मंदसौर, नर्मदापुरम, नीमच, बड़वानी, खंडवा, रायसेन, रतलाम, सीहोर, शाजापुर, श्योपुर, शिवपुरी, उज्जैन और विदिशा में सामान्य से 1 प्रतिशत से 51 प्रतिशत तक कम पानी गिरा है। जबकि अनूपपुर, निवाड़ी, सतना, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, उमरिया, भिंड, भोपाल, बुरहानपुर, दतिया, गुना, ग्वालियर, खरगोन, राजगढ़ और शिवपुरी में सामान्य से ज्यादा बारिश दर्ज की गई है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / उम्मेद सिंह रावत