कटनी के बरही में फिर दिखा बाघ, ग्रामीणों में दहशत; केवलारी-बरमानी में वन विभाग ने बढ़ाई निगरानी

 


कटनी, 10 सितंबर (हि.स.)। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व से लगे कटनी जिले के बरही वन परिक्षेत्र में एक बार फिर वयस्क बाघ की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत फैल गई है। केवलारी गांव के पास सड़क किनारे बाघ दिखाई देने का वीडियो गुरुवार को सोशल मीडिया पर वायरल हुआ। वीडियो सामने आने के बाद वन विभाग ने क्षेत्र में गश्त और सर्चिंग अभियान बढ़ा दिया है।

प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, केवलारी मार्ग से गुजर रहे कुछ राहगीरों ने सड़क किनारे एक वयस्क बाघ को शांत अवस्था में खड़ा देखा। कुछ देर वहां रुकने के बाद बाघ झाड़ियों की ओर चला गया। राहगीरों ने सुरक्षित दूरी से बाघ की गतिविधि का वीडियो बना लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम सक्रिय हुई और इलाके में निगरानी शुरू कर दी गई।

बरही वन परिक्षेत्र में बाघ की मौजूदगी का यह पहला मामला नहीं है। इससे पहले 5 सितंबर को समीपवर्ती बरमानी गांव में किसान मनीष यादव के खेत के पास भी बाघ दिखाई दिया था।

महज चार दिनों के अंतराल में केवलारी और बरमानी क्षेत्र में बाघ की मौजूदगी सामने आने से ग्रामीणों और किसानों की चिंता बढ़ गई है। खेतों में काम करने वाले किसानों के लिए खासकर सुबह-सुबह और शाम के बाद आवाजाही को लेकर खतरा महसूस किया जा रहा है।

वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, ताजा जानकारी में बाघ आबादी वाले क्षेत्र से निकलकर वापस घने जंगल की ओर चला गया है। इसके बावजूद एहतियात के तौर पर विशेष टीमों को क्षेत्र में तैनात रखा गया है और बाघ की गतिविधियों पर नजर रखी जा रही है।

वन विभाग ने केवलारी, बरमानी और आसपास के गांवों के लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। ग्रामीणों को रात और तड़के अकेले खेतों या जंगल से लगे रास्तों पर जाने से बचने की सलाह दी गई है। विभाग ने कहा है कि जरूरत पड़ने पर ग्रामीण समूह में बाहर निकलें और अपने साथ टॉर्च व लाठी रखें। बाघ या किसी अन्य वन्यजीव के दिखाई देने पर उसके करीब जाने, उसे उकसाने अथवा फोटो-वीडियो बनाने की कोशिश नहीं करनी चाहिए। वन्यजीव की किसी भी गतिविधि की जानकारी तत्काल वन विभाग को देने की अपील की गई है, ताकि समय रहते आवश्यक सुरक्षा कदम उठाए जा सकें।

हिन्दुस्थान समाचार / राकेश चतुर्वेदी