इंदौरः भागीरथपुरा में ड्रेनेज और पेयजल लाइन का कार्य तेजी से जारी, अफरसरों ने लिया व्यवस्थाओं का जायजा

 




इंदौर, 10 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश की इंदौर शहर के भागीरथपुरा क्षेत्र में जलजनित घटना के बाद स्थिति में तेजी से सुधार आ रहा है। स्थिति का मैदानी जायजा लेने के लिए शनिवार को अपर मुख्य सचिव द्वय नीरज मण्डलोई एवं अनुपम राजन ने जिला प्रशासन, नगर निगम और स्वास्थ्य सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ क्षेत्र का दौरा किया।

इस दौरान कलेक्टर शिवम वर्मा और नगर निगम आयुक्त क्षितिज सिंघल सहित संबंधित अधिकारी मौजूद थे। एससीएस मण्डलोई और राजन ने अपने भ्रमण के दौरान स्वास्थ्य, जल आपूर्ति, स्वच्छता एवं ड्रेनेज सुधार कार्यों की मौके पर समीक्षा की और अधिकारियों को समयबद्ध कार्ययोजना बनाकर कार्य करने के निर्देश दिए।

अपर मुख्य सचिव मण्डलोई और राजन ने भागीरथपुरा की पानी की टंकी, स्वास्थ्य केन्द्र, संजीवनी केन्द्र, आँगनवाड़ी सहित क्षेत्र में चल रहे ड्रेनेज तथा पेयजल लाईन सुधार के कार्यों का निरीक्षण किया। भ्रमण के दौरान अधिकारियों ने प्रभावित नागरिकों के उपचार व्यवस्थाओं की उपलब्धता, शुद्ध जल आपूर्ति की स्थिति तथा स्वच्छता कार्यों की प्रगति को प्रत्यक्ष रूप से देखा। उन्होंने निर्देशित किया कि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो और प्रत्येक नागरिक तक स्वास्थ्य सेवाएँ प्रभावी रूप से पहुँचें। उन्होंने दौरे के दौरान यह कहा कि क्षेत्र के हर रहवासी का स्वास्थ्य परीक्षण किया जाए। प्रभावित एवं उपचार प्राप्त कर चुके नागरिकों का नियमित फॉलो-अप सुनिश्चित किया जाए।

इस अवसर पर बताया गया कि स्वास्थ्य विभाग की टीमें घर-घर जाकर निगरानी कर रही हैं, ताकि किसी भी संभावित जटिलता का समय रहते उपचार हो सके। मण्डलोई और राजन ने निर्देश दिए कि भागीरथपुरा क्षेत्र के प्रत्येक नागरिक को स्वास्थ्य कार्ड प्रदान किया जाए। इस कार्ड में जांच, उपचार एवं फॉलो-अप से संबंधित समस्त विवरण दर्ज रहेगा, जिससे भविष्य में भी स्वास्थ्य निगरानी सुदृढ़ बनी रहे।

भ्रमण के दौरान उन्होंने शुद्ध जल की आपूर्ति, पाइपलाइन लीकेज, टैंकरों से वैकल्पिक जलप्रदाय और व्यापक स्वच्छता कार्य को देखा और प्रगति की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि जल की गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं किया जाएगा और क्षेत्र में सतत निगरानी जारी रहेगी। दूषित पानी की समस्या के स्थायी समाधान हेतु चल रहे ड्रेनेज कार्यों की भी समीक्षा की गई।

बताया गया कि तारा मेडिकल से टोपिलाल की दुकान तक 44 मीटर ड्रेनेज लाइन डाली गई। दीपेश स्कूल के पीछे 22 मीटर ड्रेनेज लाइन का कार्य पूर्ण किया गया। नदी किनारे क्षेत्र में 22 मीटर ड्रेनेज लाइन का संधारण कार्य किया गया, साथ ही आरसीसी मेनहोल का कार्य प्रगतिरत है। पेयजल की लाईन भी डालने का काम तेजी से जारी है। श्री मण्डलोई और श्री राजन ने कहा कि यह व्यवस्था सुनिश्चित की जाये कि दूषित जल किसी भी तरह से पेयजल में नहीं मिले। उन्होंने बोरिंग के पानी को पीने के पानी में उपयोग नहीं करने के संबंध में निर्देश दिये और कहा कि यह भी सुनिश्चित करें कि बोरिंग का पानी कोई भी नागरिक पीने में नहीं करें।

अपर मुख्य सचिव द्वय मण्डलोई और राजन ने कहा कि निरंतर दौरे, आपसी समन्वय और जमीनी निगरानी के कारण भागीरथपुरा की स्थिति तेजी से सामान्य हो रही है। शासन-प्रशासन का लक्ष्य न केवल वर्तमान स्थिति को पूरी तरह नियंत्रित करना है, बल्कि भविष्य में ऐसी किसी भी घटना की पुनरावृत्ति को भी रोकना है।

हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर