12 साल से नगरपालिका में सेवा दे रहीं महिलाओं को हटाने पर उठे सवाल, जनसुनवाई में काम पर वापस रखने की मांग
चंदेरी, 25 अगस्त (हि.स.)। मध्य प्रदेश के चंदेरी एसडीएम कार्यालय में मंगलवार को आयोजित जनसुनवाई में नगरपालिका से जुड़ा मामला प्रमुखता से सामने आया। करीब 12 वर्षों से नगरपालिका में दैनिक वेतन पर सेवाएं दे रहीं लक्ष्मीबाई अहिरवार, चन्द्रप्रभा पाराशर और देविका ठाकुर ने आवेदन देकर उन्हें दोबारा काम पर रखे जाने की मांग की।
महिलाओं ने बताया कि वे लंबे समय से नगरपालिका में विभिन्न कार्यों की जिम्मेदारी निभा रही थीं, लेकिन अब उन्हें काम से हटा दिया गया है। उनका कहना है कि काम बंद होने से परिवार के सामने आर्थिक संकट पैदा हो गया है। महिलाओं ने भर्ती प्रक्रिया में पक्षपात का आरोप लगाते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने और उन्हें तत्काल राहत देने की मांग की। उन्होंने बताया कि इस संबंध में वे पहले भी जनसुनवाई में आवेदन दे चुकी हैं।
मामले को गंभीरता से लेते हुए एसडीएम ने नगरपालिका प्रतिनिधि आकाश मिश्रा को मौके पर मौजूद महिलाओं की फेस आईडी तैयार कराने के निर्देश दिए। इस कार्रवाई के बाद महिलाओं को जल्द ही दोबारा काम मिलने की उम्मीद बनी है।
नगर में सीसीटीवी कैमरे लगाने की मांग
जनसुनवाई के दौरान चंदेरी नगर की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने का मुद्दा भी उठाया गया। मुख्य चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर तत्काल सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने की मांग की गई। इस पर एसडीएम ने नगरपालिका अधिकारी, थाना प्रभारी और अशोकनगर पुलिस अधीक्षक को मामले की जानकारी देकर आवश्यक कार्रवाई शीघ्र कराने का आश्वासन दिया।
12 आवेदनों पर कार्रवाई का इंतजार
मंगलवार की जनसुनवाई में कुल 12 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें आजीविका और नगर की सुरक्षा से जुड़े मामले प्रमुख रहे। अब इन आवेदनों पर प्रशासन कितनी तेजी से कार्रवाई करता है, इस पर नजर रहेगी। विशेष रूप से लंबे समय से नगरपालिका में कार्यरत महिलाओं की रोजी-रोटी से जुड़े मामले में शीघ्र समाधान की उम्मीद की जा रही है।
हिन्दुस्थान समाचार / Nirmal Kumar Vishwkarma