राजगढ़ः प्रसव के कुछ घंटे बाद 19 वर्षीय प्रसूता की मौत, परिजनों का अस्पताल में हंगामा

 


राजगढ़, 04 अक्टूबर (हि.स.)। मध्यप्रदेश के राजगढ़ जिले के जिला अस्पताल में प्रसव के कुछ घंटे बाद रविवार अलसुबह 19 वर्षीय प्रसूता की मौत हो गई। महिला की मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल में हंगामा कर दिया। परिजनों ने डॉक्टर और नर्स पर समय पर इलाज नहीं करने तथा नर्स पर प्रसव के लिए रुपए लेने का आरोप लगाया। सूचना मिलते ही प्रशासन और पुलिस के अधिकारी मौके पर पहुंचे और परिजनों से चर्चा की। जानकारी के अनुसार ग्राम अमेरपुरा निवासी अमरीबाई को शनिवार दोपहर प्रसव के लिए जिला अस्पताल लाया गया था।

परिजनों का आरोप है कि यहां मौजूद नर्स ने बच्चे की स्थिति गंभीर बताते हुए डिलीवरी के लिए पांच हजार रुपए मांगे। आर्थिक स्थिति का हवाला देने पर दो हजार रुपए में बात तय हुई। महिला के पति दिनेश ने नर्स को रुपए दिए। इसके बाद शाम को अमरीबाई ने स्वस्थ बच्ची को जन्म दिया। परिजनों के मुताबिक देर रात अमरीबाई को अचानक ब्लीडिंग शुरू हो गई। उसकी सास धापूबाई नर्स को बुलाने गई, लेकिन कमरे का दरवाजा बंद था। आरोप है कि आवाज देने के बावजूद नर्स मदद के लिए नहीं आई। समय पर उपचार नहीं मिलने से महिला की हालत बिगड़ गई और उसने दम तोड़ दिया।

पति को झालावाड़ में मिली मौत की खबर घटना के समय दिनेश मजदूरी के लिए राजस्थान जा रहा था और झालावाड़ पहुंचा ही था कि उसे पत्नी की मौत की सूचना मिली। वह तत्काल राजगढ़ लौटा। इसके बाद ग्रामीण और रिश्तेदार भी अस्पताल पहुंच गए। पूर्व विधायक बापूसिंह तंवर और हेमराज कल्पोनी भी परिजनों के समर्थन में धरने पर बैठ गए। एसडीएम निधि भारद्वाज, तहसीलदार और थाना प्रभारी मौके पर पहुंचे। एसडीएम ने निष्पक्ष जांच के लिए टीम गठित करने और आरोप सही पाए जाने पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना समाप्त हुआ। शव का पोस्टमार्टम कराया गया है। रिपोर्ट आने के बाद मौत के वास्तविक कारण स्पष्ट होंगे।

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हिन्दुस्थान समाचार / मनोज पाठक