भोपाल में शिक्षिका के निलंबन की मांग पर फिर प्रदर्शन, धरने पर बैठे छात्र-छात्राएं
भोपाल, 23 अक्टूबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश की राजधानी भाेपाल के मिसरोद स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में शिक्षिका के खिलाफ कार्रवाई की मांग को लेकर छात्र-छात्राओं ने शुक्रवार को एक बार फिर प्रदर्शन किया।
विद्यार्थी विद्यालय परिसर में हाथों में तख्तियां लेकर धरने पर बैठ गए और शिक्षिका बविता कुशवाहा को तत्काल निलंबित करने की मांग की। विद्यार्थियों का आरोप है कि पहले शिकायत और प्रदर्शन के बावजूद अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई है। उन्होंने चेतावनी दी कि मांग पूरी नहीं होने पर सड़क जाम कर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा।
विद्यार्थियों ने बताया कि इससे पहले 5 अक्टूबर को भी शिक्षिका के खिलाफ प्रदर्शन कर उनके निलंबन की मांग की गई थी। उस समय जिला शिक्षा अधिकारी ने शिक्षिका का स्थानांतरण करते हुए मामले की जांच कराने और जांच के आधार पर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया था। विद्यार्थियों का कहना है कि जांच के लिए अतिरिक्त समय दिए जाने के बावजूद अब तक कार्रवाई नहीं होने से उन्हें दोबारा प्रदर्शन करना पड़ रहा है।
निष्पक्ष जांच और समयबद्ध कार्रवाई की मांग
प्रदर्शन कर रहे छात्र-छात्राओं ने शिक्षिका को निलंबित करने के साथ ही मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग उठाई। उनका कहना है कि अधिकारियों को पहले दिए गए आश्वासन के अनुसार तय समय में कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि मामले का उचित निराकरण हो सके। विद्यार्थियों ने जांच प्रक्रिया पर भी सवाल उठाए और कहा कि जब तक उनकी मांगों पर ठोस कदम नहीं उठाया जाता, तब तक उनका विरोध जारी रहेगा।
राजनीतिक प्रभाव से जांच प्रभावित करने का आरोप
विद्यार्थियों ने शिक्षिका पर कथित राजनीतिक प्रभाव के जरिए जांच को प्रभावित करने का आरोप भी लगाया है। हालांकि, इस आरोप की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। विद्यार्थियों ने अधिकारियों से पूरे मामले की निष्पक्षता से जांच कराने और शिकायत पर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।
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हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे