भिंड जिला अस्पताल में एसएनसीयू वार्ड की छत गिरी, तीन महिलाएं और नवजात घायल

 


भिंड, 10 मई (हि.स.)। मध्य प्रदेश के भिंड जिला अस्पताल में रविवार दोपहर उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब स्पेशल न्यू बॉर्न केयर यूनिट (एसएनसीयू) वार्ड की छत का प्लास्टर अचानक भरभराकर नीचे गिर पड़ा। हादसे के समय वार्ड में मौजूद महिलाएं अपने नवजात बच्चों को दूध पिला रही थीं। मलबा गिरने से तीन महिलाएं और एक नवजात शिशु घायल हो गए। सभी घायलों को तत्काल ट्रॉमा सेंटर में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत फिलहाल खतरे से बाहर बताई जा रही है।

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रविवार दोपहर करीब 1 बजे अचानक तेज आवाज हुई और छत का हिस्सा सीधे बेड के पास आ गिरा। घटना के बाद वार्ड में भगदड़ जैसी स्थिति बन गई। महिलाएं अपने बच्चों को बचाने के लिए इधर-उधर भागने लगीं। कुछ देर के लिए पूरे अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। सूचना मिलते ही अस्पताल स्टाफ और कर्मचारी मौके पर पहुंचे। घायलों को मलबे से बाहर निकालकर तुरंत उपचार के लिए ट्रॉमा सेंटर भेजा गया।

अन्य नवजातों को सुरक्षित स्थान पर किया शिफ्ट

हादसे के बाद अस्पताल प्रशासन ने एहतियातन एसएनसीयू वार्ड में भर्ती अन्य सभी नवजात शिशुओं को तुरंत दूसरे सुरक्षित वार्ड में शिफ्ट कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक प्राथमिक उपचार के बाद सभी घायल मरीजों की स्थिति सामान्य है।

जर्जर बिल्डिंग पर उठे सवाल

घटना के बाद मरीजों के परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर लापरवाही के आरोप लगाए। उनका कहना है कि जिला अस्पताल की इमारत लंबे समय से जर्जर हालत में है और पहले भी छत से प्लास्टर गिरने की घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन मरम्मत को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया।

परिजनों ने सवाल उठाया कि जब भवन की हालत खराब थी तो नवजात बच्चों और प्रसूताओं को वहां क्यों रखा गया।

जांच और मरम्मत का आश्वासन

हादसे की सूचना मिलते ही अस्पताल प्रबंधन और अधिकारी मौके पर पहुंचे तथा स्थिति का जायजा लिया। प्रशासन ने घटना की जांच कराने और क्षतिग्रस्त हिस्से की जल्द मरम्मत कराने का आश्वासन दिया है। यह हादसा जिला अस्पताल की व्यवस्थाओं और भवन सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर रहा है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / नेहा पांडे