अनूपपुर: अदाणी फाउंडेशन का नेत्र स्वास्थ्य पर डेढ़ महीने का अभियान: 38 शिविर, 3,500 लाभार्थी
अनूपपुर, 09 सितंबर (हि.स.)। मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ बनाने की दिशा में अदाणी फाउंडेशन द्वारा अनूपपुर थर्मल पावर प्रोजेक्ट के आसपास के गांवों में डेढ़ महीने का व्यापक नेत्र स्वास्थ्य अभियान चलाया। इस अभियान के तहत 20 ग्राम पंचायतों के 36 गांवों में 38 नेत्र जांच शिविर आयोजित किए गए। शिविरों में कुल 3,500 ग्रामीणों की आंखों की जांच की गई, जिनमें 2,121 पुरुष और 1,379 महिलाएं शामिल थीं। नेत्र विशेषज्ञों एवं मेडिकल टीम द्वारा जांच के बाद 2,216 ग्रामीणों को निःशुल्क चश्मे वितरित किए गए। वहीं, अन्य जरूरतमंदों को आंखों की देखभाल और आगे के उपचार के संबंध में चिकित्सकीय परामर्श एवं उचित मार्गदर्शन दिया गया।
अदाणी फाउंडेशन के जनसम्पेर्क अधिकारी शैलेन्द्र कुमार कंठ ने बुधवार को बताया कि अभियान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण समुदायों को उनके गांव और आसपास के क्षेत्र में ही आवश्यक नेत्र स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना था, ताकि सामान्य नेत्र जांच और प्राथमिक उपचार के लिए ग्रामीणों को दूर-दराज के क्षेत्रों में जाने की आवश्यकता न पड़े। समय पर आंखों की जांच से दृष्टि संबंधी समस्याओं की शुरुआती स्तर पर पहचान कर उचित उपचार और सुधारात्मक उपाय किए जा सकते हैं। शिविरों के दौरान मेडिकल टीम ने ग्रामीणों को नियमित रूप से आंखों की जांच कराने, आंखों की स्वच्छता बनाए रखने तथा स्वस्थ एवं पौष्टिक आहार लेने के महत्व के बारे में भी जागरूक किया। आवश्यकता के अनुसार ग्रामीणों को आगे विशेषज्ञ उपचार लेने के संबंध में भी सलाह दी गई।
उन्होंने बताया कि अनूपपुर थर्मल पावर प्रोजेक्ट के आसपास के गांवों में डेढ़ महीने का व्यापक नेत्र स्वास्थ्य अभियान चलाया। इस अभियान के तहत 20 ग्राम पंचायतों के 36 गांवों में 38 नेत्र जांच शिविर आयोजित किए गए। शिविरों में कुल 3,500 ग्रामीणों की आंखों की जांच की गई, जिनमें 2,121 पुरुष और 1,379 महिलाएं शामिल थीं। नेत्र विशेषज्ञों एवं मेडिकल टीम द्वारा जांच के बाद 2,216 ग्रामीणों को निःशुल्क चश्मे वितरित किए गए। वहीं, अन्य जरूरतमंदों को आंखों की देखभाल और आगे के उपचार के संबंध में चिकित्सकीय परामर्श एवं उचित मार्गदर्शन दिया गया।
ग्रामीणों ने अनूपपुर थर्मल पावर प्रोजेक्ट के सहयोग से अदाणी फाउंडेशन की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे स्वास्थ्य शिविर विशेष रूप से उन लोगों के लिए उपयोगी हैं, जिन्हें आर्थिक या अन्य संसाधनों की कमी के कारण समय पर स्वास्थ्य सेवाएं प्राप्त करने में कठिनाई होती है। गांव में ही विशेषज्ञ चिकित्सकों की सुविधा मिलने से बड़ी संख्या में ग्रामीणों को लाभ मिला। अदाणी फाउंडेशन अपने कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (CSR) कार्यक्रमों के माध्यम से ग्रामीण एवं वंचित समुदायों तक आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए समय-समय पर इस तरह के स्वास्थ्य शिविर आयोजित करता रहा है। इन पहलों का उद्देश्य स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता बढ़ाने के साथ-साथ जरूरतमंद लोगों को समय पर जांच, उपचार एवं आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराना है।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश शुक्ला