(अपडेट) आगरमालवाः नर्सरी में नारकोटिक्स विभाग की दबिश, 31 किलो ड्रग्स समेत 10 करोड़ का माल बरामद
आगरमालवा, 10 जनवरी (हि.स.)। मध्य प्रदेश के आगरमालवा जिले में नारकोटिक्स विभाग की टीम द्वारा शनिवार को ग्राम आमला के समीपस्थ स्थित नर्सरी की में दी गई दबिश में 31 किलो 250 ग्राम एमडी ड्रग्स समेत 10 करोड़ रूपये से अधिक का माल बरामद किया है।
दरअसल, यह फर्म रातड़िया परिवार का है। नर्सरी की आड़ में चल रही एमडी ड्रग्स की अवैध फैक्ट्री पर नारकोटिक्स ने सुबह करीब 4 बजे दबिश दी। यह कार्रवाई जिले में अवैध मादक पदार्थों के खिलाफ अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है।
नारकोटिक्स उज्जैन क्षेत्र के अधीक्षक मुकेश खत्री व वी.एस. कुमार ने बताया कि विभाग को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि आमला क्षेत्र में एमडी ड्रग्स की बड़ी खेप लेने कोई तस्कर पहुंचने वाला है। इसी आधार पर नारकोटिक्स की विशेष टीम ने तड़के से ही नर्सरी की चारों ओर से घेराबंदी कर दी थी जिसके लिये टीम सुबह साढ़े चार बजे ही पहुंच गई थी। सुबह करीब 10 बजे तक कोई नहीं पहुंचा, तो परिसर के अंदर टीम ने छापा मारा। छापे के दौरान नर्सरी परिसर के अंदर एमडी ड्रग्स बनाने की पूरी गुप्त लैब संचालित हो रही थी। मौके से भारी मात्रा में तैयार एमडी ड्रग्स के साथ-साथ करीब 600 किलो खतरनाक केमिकल भी बरामद किए गए। जब्त रसायनों में एमडीसी, एमएमडी, सोडियम कार्बोनेट, ट्रायथाइलामाइन, सोडियम एस सहित अन्य रसायन शामिल हैं, जिनका इस्तेमाल एमडी ड्रग्स निर्माण में किया जाता है। इसके अलावा ड्रग्स बनाने में प्रयुक्त मशीनें, उपकरण और अन्य तकनीकी सामग्री भी जब्त की गई है।
नारकोटिक्स टीम ने मौके पर ही अवैध लेब को नष्ट कर दिया, ताकि भविष्य में यहां दोबारा ड्रग्स निर्माण न हो सके। अधिकारियों के अनुसार जब्त एमडी ड्रग्स की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत 50 करोड़ रुपए से अधिक आंकी जा रही है। बताया जाता है कि यह फार्महाउस रातड़िया बंधुओं का है। फिलहाल किसी की गिरफ्तारी नहीं हुई है, लेकिन नारकोटिक्स विभाग का कहना है कि जांच के दौरान कुछ संदिग्ध लोगों की संलिप्तता के अहम साक्ष्य मिले हैं। ड्रग्स के नेटवर्क, सप्लाई चेन और इसके पीछे सक्रिय माफिया की पहचान की जा रही है। अधिकारियों ने संकेत दिए हैं कि जल्द ही बड़ी गिरफ्तारियां हो सकती हैं। नारकोटिक्स की इस कार्रवाई के दौरान बड़ी संख्या में विभागीय अधिकारी मौके पर मौजूद रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / रितेश शर्मा