मांगों को लेकर पत्थलगडा में खाद-बीज दुकानें बंद, दिनभर भटके किसान

 


चतरा, 23 जुलाई (हि.स.)। विभिन्न मांगों को लेकर खाद और बीज विक्रेता संघ पत्थलगडा के आह्वान पर गुरुवार को प्रखंड क्षेत्र की सभी खाद-बीज दुकानें बंद रहीं। प्रखंड मुख्यालय सहित नावाडीह चौक, चौथा, बेलहर, बरवाडीह, सिंघानी, लेंबोईया, तेतरिया सहित अन्य गांवों में खाद-बीज दुकानों पर ताले लटके रहे। इसके चलते सुबह से देर शाम तक किसान खाद और बीज के लिए भटकते नजर आए।

बंदी के दौरान पर्यटन स्थल लेंबोईया पहाड़ी में संघ की सामूहिक बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता प्रखंड अध्यक्ष प्रमोद दांगी ने की। उन्होंने कहा कि वर्तमान व्यवस्था में सरकारी निर्धारित मूल्य पर यूरिया और डीएपी बेचना दुकानदारों के लिए घाटे का सौदा बन गया है। हजारीबाग से पत्थलगड़ा तक खाद लाने में प्रति बोरा 50 से 60 रुपये अतिरिक्त परिवहन खर्च के साथ लोडिंग और अनलोडिंग का खर्च भी उठाना पड़ता है। ऐसे में सरकारी दर पर खाद बेचना संभव नहीं है। उन्होंने मांग की कि किसानों को यूरिया और डीएपी की आपूर्ति पैक्स के माध्यम से कराई जाए या पत्थलगड़ा में ही सरकारी दर पर खाद उपलब्ध कराया जाए। बैठक में वक्ताओं ने कहा कि दुकानदार लगातार आर्थिक बोझ और प्रशासनिक दबाव झेल रहे हैं और लाइसेंस निलंबन की चेतावनी से असमंजस की स्थिति में हैं।

संघ ने सरकार से यूरिया और डीएपी की खरीद-बिक्री की जिम्मेदारी निजी दुकानदारों से हटाकर सरकारी स्तर पर किसानों को समय पर खाद उपलब्ध कराने की मांग की। साथ ही कहा कि यदि सरकार सभी लाइसेंसधारी खाद विक्रेताओं को निर्धारित मूल्य पर यूरिया और डीएपी उपलब्ध करा दे तो वे भी किसानों को सरकारी दर पर ही खाद उपलब्ध कराने को तैयार हैं।

दुकानदारों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही व्यवस्था में सुधार नहीं किया गया तो वे अनिश्चितकालीन बंदी का रास्ता अपनाने के लिए बाध्य होंगे।

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हिन्दुस्थान समाचार / जितेन्द्र तिवारी