श्रावणी मेला के संचालन में अधिकारियों की महत्वपूर्ण भूमिका
देवघर, 13 अगस्त (हि.स.)। बाबा नगरी देवघर में आयोजित विश्वप्रसिद्ध श्रावणी मेला देश-दुनिया के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। लंबे समय तक चलने वाले इस ऐतिहासिक मेले का सफल और सुरक्षित संचालन जिला प्रशासन के लिए जितनी बड़ी जिम्मेदारी है, उतनी ही बड़ी चुनौती भी। दुम्मा बॉर्डर से देवघर शहर में प्रवेश तक लगभग 10 किलोमीटर लंबे कांवरिया पथ से लेकर बाबा बैद्यनाथ मंदिर परिसर और पूरे शहरी क्षेत्र की विधि-व्यवस्था को दुरुस्त रखना आसान कार्य नहीं है।
श्रावणी मेला के दौरान लाखों की संख्या में श्रद्धालु देवघर पहुंचते हैं। ऐसे में भीड़ नियंत्रण, यातायात व्यवस्था, कांवरियों की सुविधा, सुरक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल, स्वच्छता और सुगम जलार्पण सुनिश्चित करना प्रशासन के सामने बड़ी चुनौती होती है। इसके बावजूद जिला प्रशासन के अधिकारी लगातार सेवा भाव के साथ अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे हैं।
मेले की व्यवस्था एक बार की तैयारी से पूरी नहीं होती। प्रतिदिन बदलती परिस्थितियों के अनुसार नई चुनौतियां सामने आती हैं। श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों की शिकायतों एवं सुझावों पर तत्काल संज्ञान लेते हुए व्यवस्था में आवश्यक सुधार करना भी प्रशासन की प्राथमिकता बनी हुई है।
वर्तमान उपायुक्त सौरभ कुमार भुवानियां, पुलिस अधीक्षक प्रवीण पुष्कर और एसडीएम रवि कुमार सहित जिले के तमाम वरीय अधिकारी लगातार मेले की व्यवस्थाओं की मॉनिटरिंग कर रहे हैं। खास बात यह है कि वर्तमान में डीसी, एसपी, डीडीसी और नगर आयुक्त सहित कई महत्वपूर्ण पदों पर अधिकारी नए हैं। इसके बावजूद जिस उत्साह, गंभीरता और सेवा भावना के साथ वे मेले की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं, उससे कहीं से भी यह महसूस नहीं होता कि उनके लिए यह पहली श्रावणी मेला है।
एक ओर उपायुक्त लगातार पूरे मेला क्षेत्र की व्यवस्थाओं की निगरानी करते नजर आते हैं, तो दूसरी ओर एसपी प्रवीण पुष्कर और एसडीएम रवि कुमार सुरक्षा एवं प्रशासनिक व्यवस्थाओं को धरातल पर प्रभावी ढंग से लागू कराने में जुटे हैं। जरूरत पड़ने पर अधिकारी दिन के साथ रात में भी क्षेत्र का भ्रमण कर व्यवस्थाओं का जायजा लेते और समस्याओं का समाधान करते दिखाई देते हैं।
श्रावणी मेला की सफलता केवल किसी एक अधिकारी या विभाग की उपलब्धि नहीं है। जिला प्रशासन के विभिन्न विभागों के पदाधिकारी, पुलिस बल, स्वास्थ्यकर्मी, नगर निगम के कर्मचारी, सफाईकर्मी, स्वयंसेवी संस्थाएं और हजारों कर्मी सामूहिक रूप से अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / Anup Kumar Roy