वेंकटेश्वर मंदिर में पांच नवंबर को श्रद्धापूर्वक मनाई जाएगी रमा एकादशी
रांची, 04 नवंबर (हि.स.)। राजधानी रांची के श्रीलक्ष्मी वेंकटेश्वर (तिरुपति बालाजी) मंदिर में आगामी पांच नवंबर 2026, गुरुवार को कार्तिक कृष्णपक्ष की रमा एकादशी श्रद्धा और भव्यता के साथ मनाई जाएगी।
वहीं, प्रदोष काल में द्वादशी तिथि मिलने के कारण पांच नवंबर को ही गोवत्स द्वादशी का धार्मिक अनुष्ठान आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर मंदिर में विशेष वैदिक एवं धार्मिक कार्यक्रम आयोजित होंगे।
मंदिर संचालन समिति की ओर से बुधवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि मंदिर में ब्रह्ममुहूर्त से भगवान की नित्य सेवा, सुप्रभातम् और तिरुवाराधनाम् के साथ पूजा-अर्चना शुरू होगी।
इसके बाद भगवान का तिरुमंजन अनुष्ठान किया जाएगा। भगवान को शंख, चक्र, किरीट और स्वर्ण कवच धारण कराकर रेशमी वस्त्रों और दिव्य आभूषणों से सुशोभित किया जाएगा।
फलाहारी व्यंजनों का भोग, महाआरती और महास्तुति के बाद श्रद्धालु दर्शन कर सकेंगे। दर्शन का समय सुबह सात से दोपहर 12 बजे और शाम चार से सात बजे तक निर्धारित है।
मंदिर संचालन समिति के अनुसार, छह नवंबर को धनतेरस और धन्वंतरी जयंती के अवसर पर गुरुवार को ही शाम 4.30 बजे भगवान श्रीनिवास का भारतीय मुद्रा के सिक्कों और अक्षत से श्रीविष्णु सहस्रनाम अर्चन किया जाएगा। मंत्रोच्चार के साथ पूजित सिक्के श्रद्धालुओं को आशीर्वाद स्वरूप प्रसाद के रूप में दिए जाएंगे। समिति ने बताया कि रांची में मंदिर के 20 वर्ष पूरे होने के अवसर पर यह विशेष आयोजन भक्तों के लिए महत्वपूर्ण होगा।
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हिन्दुस्थान समाचार / Manoj Kumar