झारखंड में नए और युवा मतदाताओं को सूची से जोड़ने में तेजी लाएं : के. रवि कुमार

 


रांची, 30 अगस्त (हि.स.)। झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने नए और युवा पात्र मतदाताओं को मतदाता सूची से जोड़ने के कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया है। रविवार को राज्य के सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ बैठक कर उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के तहत चल रहे कार्यों की समीक्षा की।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि पांच अगस्त, 2026 को मतदाता सूची के प्रारूप प्रकाशन के बाद नए पात्र मतदाताओं से फॉर्म-6 और निर्धारित घोषणा-पत्र के माध्यम से ऑनलाइन तथा ऑफलाइन आवेदन लिए जा रहे हैं।

के. रवि कुमार ने कहा कि एक अक्टूबर, 2026 को अर्हता तिथि मानते हुए इस तिथि तक 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके अथवा पूरी करने वाले सभी पात्र भारतीय नागरिकों का मतदाता सूची में पंजीकरण सुनिश्चित किया जाना है। एसआईआर के तहत नए मतदाताओं को फॉर्म-6 के माध्यम से जोड़ने के लिए 15 सितंबर, 2026 तक ही आवेदन स्वीकार किए जाएंगे।

उन्होंने कहा कि विधानसभा आम चुनाव 2024 के बाद करीब दो वर्ष की अवधि और राज्य में प्रतिवर्ष लगभग चार प्रतिशत मतदाता वृद्धि दर को देखते हुए प्रत्येक मतदान केंद्र पर औसतन करीब 60 फॉर्म-6 प्राप्त होने का अनुमान है। ऐसे में नए पात्र मतदाताओं को सूची से जोड़ने में किसी भी तरह की शिथिलता गंभीर विषय है।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने मतदान केंद्रवार फॉर्म-6 की स्थिति की समीक्षा करते हुए बताया कि राज्य में कुल 6,722 मतदान केंद्र ऐसे हैं, जहां अब तक एक भी फॉर्म-6 प्राप्त नहीं हुआ है। इनमें रांची के 1,209, पलामू के 592, हजारीबाग के 572, गिरिडीह के 416 और धनबाद के 392 मतदान केंद्र शामिल हैं।

उन्होंने बताया कि धनबाद में 1,243, गिरिडीह में 1,072, रांची में 981, पलामू में 936 और हजारीबाग में 814 मतदान केंद्र ऐसे हैं, जहां अब तक केवल एक से पांच फॉर्म-6 प्राप्त हुए हैं।

के. रवि कुमार ने संबंधित जिलों के जिला निर्वाचन पदाधिकारियों को स्थिति का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए इन मतदान केंद्रों की विशेष समीक्षा करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि बीएलओ ‘होम-टू-रोल’ सत्यापन के दौरान घर-घर जाकर यह सुनिश्चित करें कि कोई नया अथवा युवा पात्र भारतीय नागरिक मतदाता पंजीकरण से वंचित न रह जाए।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने पात्र नागरिकों से फॉर्म-6 और घोषणा-पत्र प्राप्त कर उनका समयबद्ध डिजिटाइजेशन सुनिश्चित करने तथा स्कूलों और कॉलेजों में विशेष अभियान चलाकर पात्र युवाओं को ईसीआईएनईटी के माध्यम से आवेदन के लिए प्रेरित करने का निर्देश दिया।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि प्राप्त सभी फॉर्म-6 और घोषणा-पत्र का समयबद्ध डिजिटाइजेशन एवं नियमानुसार निष्पादन सुनिश्चित किया जाए। सभी जिला निर्वाचन पदाधिकारी इसकी लगातार समीक्षा करें और निर्धारित समय-सीमा के भीतर प्रत्येक पात्र नागरिक को मतदाता सूची से जोड़ने को सर्वोच्च प्राथमिकता दें।

उन्होंने कहा कि एसआईआर के तहत तैयार मतदाता सूची में पंजीकरण भविष्य के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है। इससे संबंधित अभिलेखों का स्थायी दस्तावेज के रूप में संधारण किया जाता है।-------------

हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे