गरीबों के अबुआ आवास में हजारों करोड़ के बड़े घोटाले की आशंका : प्रतुल

 


रांची, 21 अप्रैल(हि.स.)। भारतीय जनता पार्टी(भाजपा) के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाह देव ने कहा कि हेमंत सरकार में अबुआ आवास में भी हजारों करोड़ के बड़े घोटाले की बू आ रही है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री ने 6 वर्ष पूर्व कहा था कि 2027 तक 20 लाख घर अबुआ आवास के तहत घर बन जाएंगे,लेकिन वैसा हुआ नहीं। यह बातें श्री प्रतुल मंगलवार को प्रदेश मुख्यालय में एक प्रेसवार्ता के दौरान पत्रकारों से कही।

प्रधानमंत्री आवास का मजाक उड़ाते हुए मुख्यमंत्री सोरेन ने कहा था कि अब तीन कमरे का घर बनेगा। साथ में अटैच बाथरूम भी होगा। लेकिन इस योजना की कलई 2026 में आते-आते खुल गए। अभी तक 20 लाख घरों के लक्ष्य के अंतर्गत सिर्फ 19650 अबुआ आवास पूर्ण हुए। जबकि पिछले तीन वर्षों में अबुआ आवास के मद में लगभग 10 हजार करोड़ का आवंटन हुआ है।

उन्होंने कहा अभी से लेकर दिसंबर 2027 तक राज्य सरकार को 2700 अबुआ आवास प्रतिदिन बनाने होंगे। तब जाकर 20 लाख का आंकड़ा पूरा होगा। प्रतिमाह आंकड़ें की बात करें तो सरकार को लगभग 80 हजार घर हर एक महीना में बनाने होंगे, अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए।

प्रतुल ने कहा कि वहीं दूसरी तरफ प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत 4.3 करोड़ निबंधित आवास है, जिसके 75प्रतिशत हिस्सा या तो महिलाओं के नाम पर आवंटित है या वह संयुक्त रूप से इस घर की मालकिन हैं। प्रधानमंत्री की दूरदर्शी सोच के कारण नारी शक्ति को न सिर्फ घर की मालकिन बनाते हैं बल्कि समाज में भी उनकी प्रतिष्ठा बढ़ती है।

प्रतुल ने कहा कि इसके उलट झारखंड में अबुआ आवास के नाम पर महिलाओं और गरीबों के साथ धोखा किया गया। मौजूदा वित्तीय वर्ष में भी 4100 करोड़ रुपयों का आवंटन किया गया है, लेकिन प्राप्त जानकारी के अनुसार गरीबों को पैसा मिलना बंद हो गया है।

प्रतुल ने कहा कि प्रधानमंत्री आवास के लाभार्थियों को कल 40 लाख करोड़ रुपये हस्तांतरित किए गए हैं। जिससे देश भर में समय पर निर्माण सहायता सुनिश्चित हुई है। वहीं अबुआ आवास के लिए पैसे आवंटित होते हैं। लेकिन वह आवंटियों तक नहीं पहुंच पा रहा है। यानी गरीबों के लिए अबुआ आवास में भी बड़े घोटाले की बू आ रही है। राज्य सरकार को इसकी उच्च स्तरीय जांच करानी चाहिए।---------------

हिन्दुस्थान समाचार / विकाश कुमार पांडे