दीपों की रोशनी के बीच बच्चों ने जगाई संस्कारों की अलख

 


रामगढ़, 07 नवंबर (हि.स.)।

श्री गुरु नानक पब्लिक स्कूल में दीपावली का उत्सव इस बार नन्हे-मुन्ने बच्चों की रचनात्मकता, उमंग और संस्कारों के नाम रहा। नर्सरी से कक्षा द्वितीय तक के विद्यार्थियों ने अलग-अलग गतिविधियों के माध्यम से दीपावली को यादगार बनाया। विद्यालय परिसर में आयोजित इस विशेष कार्यक्रम में बच्चों ने न केवल अपनी कलात्मक प्रतिभा दिखाई, बल्कि सहयोग, स्वच्छता, कृतज्ञता और अच्छे संस्कारों का संदेश भी दिया।

नर्सरी के बच्चों ने रंग-बिरंगे कागज के टुकड़ों को जोड़कर एक विशाल दीये का निर्माण किया। सामूहिक रूप से की गई इस गतिविधि में बच्चों ने एक-दूसरे के साथ तालमेल बिठाने और मिल-जुलकर काम करने का महत्व सीखा। वहीं, एलकेजी और कक्षा प्रथम के विद्यार्थियों ने दीपावली के महत्व पर अपने विचार व्यक्त करते हुए इसे प्रकाश, प्रेम, खुशियों और बुराई पर अच्छाई की जीत का पर्व बताया।

कार्यक्रम में यूकेजी के बच्चों की पहल ने सभी का ध्यान आकर्षित किया। नन्हे विद्यार्थियों ने विद्यालय के सहायक कर्मचारियों को मुकुट पहनाकर सम्मानित किया और उनके महत्वपूर्ण योगदान के लिए आभार जताया। विद्यालय में स्वच्छता बनाए रखने और सुरक्षा सहित विभिन्न जिम्मेदारियों को निभाने वाले कर्मचारियों के प्रति बच्चों का यह सम्मान श्रम की गरिमा और कृतज्ञता का सुंदर उदाहरण बना।

कक्षा द्वितीय के विद्यार्थियों ने अपनी कॉपियों पर दीये चिपकाकर प्रत्येक दीये पर एक अच्छी आदत लिखी। इस गतिविधि के माध्यम से बच्चों ने संदेश दिया कि दीपावली का वास्तविक अर्थ केवल घरों को दीपों से सजाना नहीं, बल्कि अपने व्यवहार में अच्छे संस्कार, सकारात्मक सोच और अच्छी आदतों का उजाला फैलाना भी है।

विद्यालय के प्राचार्य हरजाप सिंह ने बच्चों की प्रतिभा, उत्साह और रचनात्मकता की सराहना की। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के आयोजन बच्चों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। त्योहारों के माध्यम से बच्चों को भारतीय संस्कृति, नैतिक मूल्यों, स्वच्छता, आपसी सहयोग और दूसरों के प्रति सम्मान की भावना से जोड़ना जरूरी है। उन्होंने सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को दीपावली की बधाई देते हुए सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की। वही, विद्यालय प्रबंधन की ओर से भी सभी विद्यार्थियों, अभिभावकों और शिक्षक-कर्मचारियों को दीपावली की शुभकामनाएं दी गईं। प्रबंधन ने कामना की कि दीपों का यह पर्व सभी के जीवन में ज्ञान, शांति, सकारात्मकता और समृद्धि का प्रकाश लेकर आए।

कार्यक्रम में गुरुद्वारा प्रबंधक समिति के प्रधान परमदीप सिंह कालरा सहित विद्यालय प्रबंधक समिति के सदस्य सरदार मनमोहन सिंह लांबा, सरदार हरपाल सिंह अरोड़ा, सरदार सुरिंदर पाल सिंह चंडोक, सरदार कुलजीत सिंह कालरा, सरदार वरिंदर सिंह चंडोक, सरदार गुरप्रीत सिंह जॉली उपस्थित थे।

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हिन्दुस्थान समाचार / अमितेश प्रकाश