मन की बात राष्ट्र में युवाओं, नवाचार और जिम्मेदारी को करती उजागरमन की बात राष्ट्र में युवाओं, नवाचार और जिम्मेदारी को करती उजागर

 


जम्मू, 22 फ़रवरी (हि.स.)।

जम्मू-कश्मीर में बूथ स्तर पर भाजपा ने 131वें मन की बात को सुना भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) जम्मू-कश्मीर ने केंद्र शासित प्रदेश में बूथ स्तर पर कार्यक्रम आयोजित किए ताकि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के लोकप्रिय मासिक रेडियो संबोधन मन की बात के 131वें संस्करण को सामूहिक रूप से सुना जा सके। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं, कार्यकर्ताओं और निवासियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया जो जनभागीदारी और समावेशी विकास को मजबूत करने के प्रति पार्टी की प्रतिबद्धता को रेखांकित करता है।

जम्मू-कश्मीर भाजपा अध्यक्ष और राज्यसभा सांसद सत शर्मा ने विधायक विक्रम रंधावा के साथ बहु विधानसभा क्षेत्र के गांधी नगर मंडल के बूथ नंबर 24 स्थित विधायक देवयानी राणा के आवास पर प्रसारण सुना। इस अवसर पर बोलते हुए सत शर्मा ने कहा कि मन की बात नागरिकों, विशेषकर युवाओं को नवाचार, जिम्मेदारी और सामुदायिक मूल्यों को अपनाने के लिए प्रेरित करती रहती है। उन्होंने इस बात पर प्रकाश डाला कि आज के एपिसोड में प्रधानमंत्री ने हाल ही में संपन्न हुए ग्लोबल एआई इम्पैक्ट समिट में भारत के नेतृत्व के बारे में बात की और इसे एक महत्वपूर्ण मोड़ बताया जिसने देश की तकनीकी क्षमताओं और किसानों, पशुधन प्रबंधन और विरासत संरक्षण को लाभ पहुंचाने वाले रचनात्मक समाधानों को प्रदर्शित किया।

सत शर्मा ने प्रधानमंत्री द्वारा डिजिटल सतर्कता के आह्वान का भी उल्लेख किया जिसमें लोगों से ऑनलाइन धोखाधड़ी से सावधान रहने और प्रौद्योगिकी को जिम्मेदारी से अपनाने का आग्रह किया गया था। उन्होंने पीएम मोदी द्वारा अंगदान की प्रेरणादायक कहानियों का जिक्र किया जैसे कि एक युवा दाता की कहानी, जिसके निस्वार्थ कार्य ने कई जिंदगियां बचाईं, जिससे करुणा और सामाजिक जागरूकता का संदेश मजबूत हुआ जो सभी समुदायों में गहराई से गूंजता है।

जम्मू-कश्मीर भाजपा के महासचिव (संगठन) अशोक कौल ने अन्य वरिष्ठ नेताओं के साथ श्रीनगर के सी-पट्टन, बूथ हारिनारा (62) में प्रसारण सुना। अशोक कौल ने कहा कि 'मन की बात' कार्यक्रम जिम्मेदारी, नवाचार और सांस्कृतिक गौरव पर आधारित राष्ट्र की प्रगति को दर्शाता है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि आज के एपिसोड ने परीक्षाओं के दौरान छात्रों को प्रोत्साहित करने, स्थानीय समाधानों को अपनाने और उभरती प्रौद्योगिकियों के साथ जिम्मेदारी से जुड़ने के महत्व को रेखांकित किया।

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हिन्दुस्थान समाचार / रमेश गुप्ता