हादसों के चलते बीड़-बिलिंग में 28 अक्टूबर तक सोलो पैराग्लाइडिंग उड़ानों पर रोक
धर्मशाला, 26 अक्टूबर (हि.स.)। कांगड़ा जिला के विश्वविख्यात पैराग्लाइडिंग स्थल बीड़-बिलिंग में प्रतिकूल मौसम और हाल ही में हुए पैराग्लाइडिंग हादसों को देखते हुए प्रशासन ने सोलो पैराग्लाइडिंग उड़ानों पर 28 अक्टूबर 2026 तक रोक लगा दी है। इस संबंध में उपमंडल अधिकारी (नागरिक) बैजनाथ संकल्प गौतम ने आदेश जारी किए हैं।
एसडीएम संकल्प गौतम ने बताया कि क्षेत्र में तेज हवाओं, बारिश, कम दृश्यता, बादलों की स्थिति में बदलाव और मौसम में अचानक होने वाले परिवर्तन के कारण पैराग्लाइडिंग गतिविधियों में जोखिम बढ़ गया है। मानव जीवन की सुरक्षा और दुर्घटनाओं की रोकथाम के लिए एहतियाती कदम उठाए हैं।
उन्होंने कहा कि प्रतिबंधित अवधि के दौरान अधिकृत एवं योग्य पायलटों और ऑपरेटरों की निगरानी में टैंडम पैराग्लाइडिंग उड़ानें जारी रह सकती हैं। हालांकि, प्रत्येक उड़ान से पहले मौसम की स्थिति का आकलन करना अनिवार्य होगा। तेज हवाओं, बारिश, कम दृश्यता और अन्य प्रतिकूल परिस्थितियों में उड़ान की अनुमति नहीं होगी।
एसडीएम ने बताया कि पैराग्लाइडिंग मार्शलों को सोलो उड़ानों पर रोक का सख्ती से पालन करवाने और टैंडम उड़ानों की निगरानी करने के निर्देश दिए गए हैं। किसी भी असुरक्षित उड़ान या नियमों के उल्लंघन की सूचना तुरंत संबंधित अधिकारियों को देनी होगी। सभी पैराग्लाइडिंग ऑपरेटरों और पायलटों को निर्धारित सुरक्षा मानकों, परिचालन दिशा-निर्देशों तथा मौसम संबंधी चेतावनियों का पालन करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं।
पर्यटकों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता
आदेशों में पैराग्लाइडिंग ऑपरेटरों को पर्यटकों और आगंतुकों को मौजूदा मौसम की स्थिति के बारे में जानकारी देने तथा सुरक्षा सुनिश्चित न होने पर उड़ान की अनुमति नहीं देने के निर्देश दिए गए हैं।
गौरतलब है कि बीते दिनों ऑस्ट्रिया का एक पैरा पायलट धौलाधार की पहाड़ियों में क्रैश होकर फंस गया था जिसका करीब चार दिनों बाद रविवार को हेलीकॉप्टर से रेस्क्यू किया गया था।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया