सकीना इट्टू ने एआईआईएमएस के दौरे को लेकर महबूबा मुफ्ती और दरख्शां अंद्राबी की आलोचना की

 

कुलगाम, 10 जून (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर की स्वास्थ्य और चिकित्सा शिक्षा मंत्री सकीना इट्टू ने बुधवार को पीडीपी प्रमुख महबूबा मुफ्ती और वक्फ बोर्ड की चेयरपर्सन दरख्शां अंद्राबी के हालिया (एआईआईएमएस) आल इंडिया इंस्टीट्यूट मेडिकल एंड साइंस श्रीनगर दौरे की आलोचना की। उन्होंने सवाल उठाया कि किस अधिकार के तहत उन्होंने बैठकें और समीक्षाएं कीं।

कुलगाम में पत्रकारों से बात करते हुए, सकीना ने कहा कि विपक्षी नेताओं के पास ऐसी गतिविधियां करने का कोई आधिकारिक अधिकार नहीं है। उन्होंने कहा, वे किस अधिकार से बैठकें कर रही हैं? वे न तो मंत्री हैं और न ही सत्ता में हैं। उन्हें अपनी स्थिति समझनी चाहिए। मैं इन कामों को हताशा के तौर पर देखती हूं।

उन्होंने कहा कि जिन लोगों के पास कोई निर्वाचित पद नहीं है उन्हें अधिकार दिखाने या समीक्षा करने की कोशिश नहीं करनी चाहिए।

मंत्री ने दोहराया कि नेशनल कॉन्फ्रेंस सरकार को जनता का जनादेश प्राप्त है और वह लोगों की चिंताओं को दूर करने के लिए प्रतिबद्ध है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के नेतृत्व वाला प्रशासन जम्मू-कश्मीर का राज्य का दर्जा बहाल करने सहित प्रमुख मुद्दों पर सक्रिय रूप से काम कर रहा है।

उन्होंने कहा, हमारे सामने हजारों मुद्दे आए हैं और कई का समाधान किया गया है। जनता की जायज मांगों को चरणबद्ध और समयबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा।

राज्य के दर्जे के मुद्दे पर सकीना ने कहा कि सरकार पिछले 19 महीनों से बातचीत और अन्य तरीकों से इस मामले को आगे बढ़ा रही है।

उन्होंने कहा कि पार्टी अपनी कोशिशें तेज करेगी और एनसी विधायक राज्य का दर्जा बहाल करने और किए गए वादों को पूरा करने की मांग को लेकर मॉनसून सत्र के पहले दिन जंतर-मंतर पर शांतिपूर्ण विरोध प्रदर्शन करेंगे

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हिन्दुस्थान समाचार / बलवान सिंह