जम्मू में पहली बार श्री रघुनाथ मंदिर में महाशक्ति की भव्य आरती का आयोजन
जम्मू, 16 अप्रैल (हि.स.)। मंदिरों के शहर जम्मू में पहली बार श्री रघुनाथ जी मंदिर में महाशक्ति की भव्य आरती का आयोजन किया जा रहा है। यह ऐतिहासिक पहल “श्री रघुनाथ जी की जम्मू आरती संस्था” के तत्वावधान में की जा रही है, जिसका उद्देश्य डोगरा संस्कृति और प्राचीन धार्मिक पहचान को संरक्षित करना है। उत्तर भारत के सबसे प्राचीन और विशाल मंदिरों में शामिल श्री रघुनाथ जी मंदिर में 365 दुर्लभ मूर्तियां और 12 लाख शालिग्राम विराजमान हैं, जिन्हें भगवान नारायण के स्वरूप माना जाता है। मान्यता है कि इस सिद्धपीठ मंदिर की चार परिक्रमा करने से 33 करोड़ देवी-देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त होता है।
संस्था की चेयरपर्सन कुँवरानी डॉ. रितु सिंह और संस्थापक एवं उपाध्यक्ष बलदेव खुल्लर ने प्रेस वार्ता में बताया कि अक्षय तृतीया, 19 अप्रैल से प्रत्येक रविवार सायं 5:30 बजे “जम्मू आरती” का आयोजन किया जाएगा। इस पहल को धर्मार्थ ट्रस्ट के सहयोग और डॉ. करण सिंह के आशीर्वाद के साथ शुरू किया गया है जबकि उपराज्यपाल मनोज सिन्हा द्वारा इसका औपचारिक शुभारंभ किया गया था। उन्होंने बताया कि महाआरती का मुख्य उद्देश्य ईश्वर के प्रति पूर्ण समर्पण, कृतज्ञता और प्रेम प्रकट करना है। इसके माध्यम से श्रद्धालु आध्यात्मिक ऊर्जा प्राप्त करते हैं और जीवन में सुख-शांति व समृद्धि की कामना करते हैं।
संस्था का लक्ष्य इस आयोजन के जरिए युवाओं को आध्यात्मिकता से जोड़ना, नशा मुक्त जीवन के प्रति प्रेरित करना और जम्मू के पारंपरिक बाजारों में आर्थिक गतिविधियों को बढ़ावा देना भी है। यह पहल न केवल आस्था का प्रतीक बनेगी बल्कि सनातन संस्कृति के प्रचार-प्रसार, युवा सशक्तिकरण और सामाजिक-आर्थिक विकास में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। साथ ही माता वैष्णो देवी और अमरनाथ यात्रा पर आने वाले श्रद्धालुओं को जम्मू की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने का माध्यम भी बनेगी। संस्था के अध्यक्ष राजेश दीवान ने जम्मूवासियों से इस पहल में भाग लेने और शहर के सांस्कृतिक दूत बनने की अपील की। वहीं महासचिव अनूप जैन ने मीडिया से इस आयोजन को जन-जन तक पहुंचाने में सहयोग की अपील की। कार्यक्रम में संस्था के कई पदाधिकारी और आसपास के बाजार संघों के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।
हिन्दुस्थान समाचार / राहुल शर्मा