सरकार ने जम्मू-कश्मीर बैंक के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन पर किए हस्ताक्षर

 

जम्मू, 10 जून (हि.स.)। समावेशी वित्तीय सशक्तिकरण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता के तहत जम्मू-कश्मीर सरकार ने आज जम्मू-कश्मीर बैंक के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं। इसके तहत सरकार द्वारा नियोजित दैनिक वेतन भोगी श्रमिकों, संविदा कर्मचारियों और अन्य आकस्मिक श्रमिकों को बैंकिंग, बीमा और ऋण संबंधी कई लाभ दिए जाएंगे।

इस अवसर पर मुख्य सचिव अटल दुल्लू उपस्थित थे और वित्त आयुक्त (अतिरिक्त मुख्य सचिव) शैलेंद्र कुमार, जम्मू-कश्मीर बैंक के मुख्य कार्यकारी अधिकारी अमितवा चटर्जी, मुख्य महाप्रबंधक आशुतोष सरीन और सरकार तथा बैंक के अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद थे। बैंक की ओर से महाप्रबंधक (आरएएम/जीएसएस/डीएलएम) राकेश मगोत्रा ने समझौते पर हस्ताक्षर किए जबकि जम्मू-कश्मीर सरकार की ओर से वित्त विभाग के विशेष सचिव राकेश कुमार सरंगल ने हस्ताक्षर किए।

संविदा कर्मचारियों, अस्थायी श्रमिकों और दैनिक वेतनभोगी श्रमिकों को बैंकिंग सुविधा और वित्तीय सुरक्षा के एक सुव्यवस्थित ढांचे के अंतर्गत लाने के उद्देश्य से किए गए इस समझौता ज्ञापन से जम्मू-कश्मीर सरकार के पसंदीदा बैंकिंग भागीदार के रूप में बैंक की स्थिति और मजबूत होती है, साथ ही समावेशी विकास, कर्मचारी कल्याण और वित्तीय सशक्तिकरण के प्रति दोनों संस्थानों की साझा प्रतिबद्धता को भी बल मिलता है।

इस अवसर पर बोलते हुए मुख्य सचिव अटल दुल्लू ने इस पहल को सफल बनाने में वित्त विभाग और जम्मू-कश्मीर बैंक के सहयोगात्मक प्रयासों की सराहना की और विश्वास व्यक्त किया कि यह व्यवस्था जम्मू-कश्मीर भर में हजारों संविदा कर्मचारियों, अस्थायी श्रमिकों और दैनिक वेतनभोगी श्रमिकों की वित्तीय स्थिति और सामाजिक सुरक्षा में उल्लेखनीय सुधार लाएगी।

मुख्य सचिव ने आगे कहा कि दैनिक वेतनभोगी श्रमिकों को बीमा कवरेज प्रदान करना महत्वपूर्ण है क्योंकि ऐसे कल्याणकारी उपाय न केवल अप्रत्याशित परिस्थितियों में वित्तीय सुरक्षा प्रदान करते हैं बल्कि कर्मचारियों में सुरक्षा और खुशहाली की भावना को भी बढ़ाते हैं जिससे वे अपने कर्तव्यों का निर्वहन अधिक समर्पण, दक्षता और पारदर्शिता के साथ करने के लिए प्रेरित होते हैं।

इस अवसर पर अपने संबोधन में एमडी एवं सीईओ अमितवा चटर्जी ने कहा कि जम्मू-कश्मीर बैंक ने वित्तीय समावेशन और सामाजिक कल्याण को बढ़ावा देने वाली पहलों में हमेशा सरकार के साथ साझेदारी की है। हमें यह बताते हुए खुशी हो रही है कि हम पहली बार सरकार के संविदा कर्मचारियों, आकस्मिक श्रमिकों और दैनिक वेतनभोगी श्रमिकों को बैंकिंग और बीमा लाभों का एक व्यापक पैकेज प्रदान कर रहे हैं।

गौरतलब है कि यह पहल सरकार और बैंक के बीच कार्यबल के इस महत्वपूर्ण वर्ग के कल्याण और वित्तीय सुरक्षा को बढ़ाने के लिए चल रही निरंतर चर्चाओं के बाद शुरू की गई है। समझौते के तहत पात्र लाभार्थियों को शून्य-शेष खाते के साथ-साथ मुफ्त डेबिट कार्ड, डिजिटल बैंकिंग सुविधाएं, रियायती प्रेषण सेवाएं और विशेष रूप से तैयार किए गए ऋण उत्पादों तक पहुंच सहित कई मूल्यवर्धित बैंकिंग सेवाएं प्रदान की जाएंगी। महत्वपूर्ण बात यह है कि इस पैकेज में विकलांगता संबंधी बीमा लाभों के अलावा 5 लाख रुपये का समूह व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर भी शामिल है जो लाभार्थियों और उनके परिवारों के लिए एक महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा कवच प्रदान करता है।

हिन्दुस्थान समाचार / सुमन लता