पूर्व मंत्री का उमर अब्दुल्ला पर तीखा हमला, ममता बनर्जी के समर्थन पर उठाए सवाल

 


जम्मू, 21 मार्च (हि.स.)। जम्मू-कश्मीर में सियासी बयानबाजी के बीच भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बालीभगतt ने शनिवार को उमर अब्दुल्ला पर जोरदार हमला बोला। उन्होंने ममता बनर्जी के समर्थन को लेकर ओमर अब्दुल्ला की कड़ी आलोचना करते हुए कहा कि यह “लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने वाला खतरनाक राजनीतिक दृष्टिकोण” है। बाली भगत ने कहा कि नेताओं द्वारा एक-दूसरे के कार्यों का बचाव करना संवैधानिक मूल्यों के खिलाफ है। उन्होंने हाल ही में द्रौपदी मुर्मू के पश्चिम बंगाल दौरे के दौरान सामने आए विवाद का जिक्र करते हुए कहा कि प्रोटोकॉल में चूक, कार्यक्रम स्थल में बदलाव और राज्य नेतृत्व की अनुपस्थिति जैसे मुद्दों ने गंभीर सवाल खड़े किए हैं।

उन्होंने आरोप लगाया कि यह केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि “संवैधानिक मानकों की अनदेखी” का संकेत है। बाली भगत के अनुसार, ऐसे मामलों में आत्ममंथन करने के बजाय संस्थाओं जैसे चुनाव आयोग पर सवाल उठाना गलत है। अब्दुल्ला पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि उनके बयान “गैर-जिम्मेदाराना” हैं और यह ऐसी शासन शैली को वैधता देने की कोशिश है, जिसमें संस्थाओं पर सवाल उठाए जाते हैं और जवाबदेही से बचा जाता है। भगत ने आगे कहा कि पश्चिम बंगाल में बार-बार सामने आने वाले विवाद, राजनीतिक हिंसा और प्रशासनिक चूक कानून-व्यवस्था पर गंभीर चिंता पैदा करते हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने और सत्ता के केंद्रीकरण की प्रवृत्ति देश के लिए खतरनाक संकेत है।

हिन्दुस्थान समाचार / राहुल शर्मा