अनंतनाग पुलिस ने 10 महीनों में एनडीपीएस के 525 मामले दर्ज किए, 602 नशा तस्करों को किया गिरफ्तार और 2,000 किलोग्राम नशीले पदार्थों को किया नष्ट

 

अनंतनाग, 01 नवंबर (हि.स.)। नशीले पदार्थों की तस्करी और उनके दुरुपयोग के खिलाफ अपने निरंतर अभियान को जारी रखते हुए अनंतनाग पुलिस ने 2026 के पहले दस महीनों में महत्वपूर्ण सफलताएं हासिल की हैं।

पुलिस प्रवक्ता ने एक बयान में बताया कि इस दौरान अनंतनाग पुलिस ने एनडीपीएस अधिनियम की विभिन्न धाराओं के तहत 525 प्राथमिकी दर्ज कीं और नशीले पदार्थों की तस्करी व इससे जुड़ी गतिविधियों में शामिल 602 तस्करों को गिरफ्तार किया। जिले भर में चलाए गए कई अभियानों में पुलिस ने 597 किलोग्राम से अधिक नशीले पदार्थ जब्त किए और तस्करों के पास से 27,64,276 रुपये नकद बरामद किए।

नशीले पदार्थों की तस्करी से अर्जित संपत्ति के खिलाफ कार्रवाई करते हुए कानून के संबंधित प्रावधानों के तहत 43 मामलों में लगभग 63 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त (अटैच) की गई। इसके अलावा नशीले पदार्थों की कमाई से जुड़ी 20 करोड़ रुपये मूल्य की 20 अवैध संपत्तियों को ध्वस्त कर दिया गया।

नशीले पदार्थों को नष्ट करने के अपने अभियानों के तहत उचित कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद 2,000 किलोग्राम नशीले पदार्थों को नष्ट किया गया। 305 मरला ज़मीन पर की जा रही नशीले पदार्थों की अवैध खेती को भी नष्ट कर दिया गया। इसके अलावा पुलिस ने नशीले पदार्थों के तस्करों के कब्ज़े से 271 मरला से ज़्यादा सरकारी ज़मीन को मुक्त कराया।

विशेष प्रवर्तन उपायों के तहत महिला तस्करों और नशीले पदार्थों की खेती करने वाली 13 महिलाओं को गिरफ़्तार किया गया। नशीले पदार्थों से जुड़े मामलों में आठ सरकारी कर्मचारियों की संलिप्तता भी पाई गई जिनके ख़िलाफ़ कानूनी कार्रवाई शुरू की गई है।

उन्होंने बताया कि निवारक उपायों के तहत 17 तस्करों को पीआईटी एनडीपीएस एक्ट के तहत हिरासत में लिया गया। इसके अलावा नशीले पदार्थों से जुड़े अपराधों के चलते 28 ड्राइविंग लाइसेंस और 22 रजिस्ट्रेशन सर्टिफिकेट रद्द कर दिए गए। नशीले पदार्थों की आवाजाही और आपूर्ति पर रोक लगाने के लिए अनंतनाग पुलिस ने पूरे ज़िले में 300 'नार्को- सीएएसओ (नशीले पदार्थों के ख़िलाफ़ तलाशी अभियान) चलाए। संबंधित विभागों के साथ मिलकर की गई जाँच के दौरान 23 मेडिकल दुकानों का निरीक्षण किया गया। इनमें 23 नियमों के उल्लंघन के मामले सामने आए जिसके बाद उनके ख़िलाफ़ कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।

क्षमता-निर्माण उपायों के तहत एनडीपीएस मामलों को संभालने वाले 220 जांच अधिकारियों को डीपीओ अनंतनाग में कानूनी प्रक्रियाओं और साक्ष्य (सबूत) संभालने के बारे में प्रशिक्षण दिया गया।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / राधा पंडिता