मुख्यमंत्री बार-बार लगा रहे हैं दिल्ली दरबार के चक्कर, प्रदेश को बताएं क्या है माजरा: जयराम ठाकुर
मंडी, 14 अक्टूबर (हि.स.)। पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम राम ठाकुर ने कहा कि मुख्यमंत्री के दिल्ली से वापस आने की खबर आती नहीं कि उनके फिर से वापस जाने की खबर आ जाती है। बीच रास्ते से ही उन्हें बुलावा आ जाता है। प्रदेश के लोग यह जानना चाहते हैं कि आखिर क्या सियासी खिचड़ी हिमाचल प्रदेश को लेकर दिल्ली में पक रही है। साथ ही साथ उन्होंने मुख्यमंत्री पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिस चुनावी व्यवस्था से झूठी गारंटियां देकर वह मुख्यमंत्री बने हैं उसी के खिलाफ किस मुंह से प्रदर्शन कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि हिमाचल प्रदेश की जनता से झूठ बोलने के लिए सबसे पहले उन्हें माफी मांगनी चाहिए और देश में अराजकता को बढ़ाने वाले इस सम्मेलन से किनारा करना चाहिए। हिमाचल प्रदेश के हाल में हुए पंचायती राज चुनाव परिणाम भी मुख्यमंत्री को राहुल गांधी को बताने चाहिए जिससे उन्हें आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस की होने वाली करारी हार की जानकारी रहे।
उन्होंने कहा कि जितनी मशक्कत वह अपने आला कमान को खुश रखने में कर रहे हैं उतनी मशक्कत यदि हिमाचल के हितों के लिए करते तो बेहतर था।
भारतीय जनता युवा मोर्चा सराज मंडल थुनाग द्वारा सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत बगस्याड़ में आयोजित रक्तदान शिविर में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर शामिल हुए। इस दौरान जयराम ठाकुर ने सराज विधानसभा क्षेत्र की आपदा प्रभावित मासूम नीतिका को दुलारा और उसी के हाथ से रक्तदान शिविर का शुभारंभ करवाया।
उन्होंने कहा कि भाजपा का मजबूत संगठन और समर्पित कार्यकर्ता हमारी सबसे बड़ी ताकत हैं। कार्यकर्ताओं के परिश्रम और जनसेवा के संकल्प से ही हम प्रत्येक व्यक्ति तक पार्टी की नीतियों और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हो रहे ऐतिहासिक विकास कार्यों को पहुंचा रहे हैं।
इस दौरान कुल्लू एवं नग्गर ब्लॉक पंचायत समिति की अध्यक्ष यमुना ठाकुर और बेद राम ठाकुर तथा भाजपा कुल्लू सदर मंडल अध्यक्ष शरबन लाल ठाकुर ने भी शिष्टाचार भेंट की। इस अवसर पर क्षेत्र के विकास, जनहित से जुड़े विषयों एवं संगठनात्मक गतिविधियों पर चर्चा हुई।
जयराम ठाकुर ने अपने गोद लिए बागाचनोगी वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय का दौरा कर विद्यार्थियों से मुलाकात की और उनसे संवाद किया। उन्होंने कहा कि बच्चों के चेहरों पर मुस्कान, आंखों में बड़े सपने और आगे बढ़ने का उत्साह देखकर मन प्रसन्न हुआ। विद्यालय को गोद लेने का उद्देश्य विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध करवाने और उनकी प्रतिभा को निखारने के प्रयासों को प्रोत्साहित करना है। बच्चों को बेहतर अवसर मिलें और वे अपने सपनों को साकार कर जीवन में नई ऊंचाइयां हासिल करें, यही हमारी सच्ची कामना है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा