फोरलेन निर्माण प्रभावित क्षेत्रों का संयुक्त टीम ने किया निरीक्षण
मंडी, 26 जून (हि.स.)। पठानकोट-मंडी राष्ट्रीय राजमार्ग -154 निर्माण से प्रभावित क्षेत्रों का फोरलेन समन्वय समिति की ओर से संयुक्त निरीक्षण किया गया। इस अवसर पर द्रंग के विधायक पूर्ण चंद ठाकुर, एनएचएआई, गावर कंस्ट्रक्शन कंपनी, स्थानीय तहसील प्रशासन, लोक निर्माण विभाग, जल शक्ति विभाग, विद्युत विभाग, पंचायत प्रतिनिधि, बीडीसी एवं जिला परिषद सदस्य सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौके पर उपस्थित रहे।
संयुक्त टीम ने द्रंग से लेकर माणा गांव तक फोरलेन निर्माण से प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर स्थानीय लोगों की समस्याओं को विस्तार से सुना। समन्वय समिति के सचिव महेंद्र गुलेरिया ने कहा कि ग्रामीणों ने निर्माण कार्य के दौरान राइट ऑफ वे से बाहर क्षतिग्रस्त हुए मकानों, कृषि भूमि, निजी भूमि, सिंचाई कुहलों, संपर्क मार्गों तथा अन्य सार्वजनिक एवं निजी संपत्तियों को हुए नुक्सान की समस्याएं गावर कंस्ट्रक्शन के जीएम नागर के समक्ष रखी।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने आश्वासन दिया कि पंचायतों, लोक निर्माण विभाग तथा अन्य विभागों से संबंधित लंबित कार्य आगामी तीन से चार दिनों के भीतर पूरे कर दिए जाएंगे। वहीं फुटब्रिज, लिंक रोड, रेन शेल्टर एवं अन्य आवश्यक स्थाई कार्यों के प्रस्ताव संबंधित विभाग तैयार कर एनएचएआई को भेजे गए।
इसके अलावा फोरलेन निर्माण के दौरान अनेक स्थानों पर जल शक्ति विभाग की मूल जी.आई. पेयजल पाइप लाइनों को तोड़कर उनके स्थान पर प्लास्टिक पाइपें बिछा दी गई हैं। समिति ने स्पष्ट कहा कि जल शक्ति विभाग बिना मूल जी.आई. पाइप लाइनें पुनर्स्थापित किए तथा संबंधित पेयजल टैंकों एवं अन्य आवश्यक संरचनाओं का निर्माण पूर्ण करवाए बिना किसी भी प्रकार की एनओसी जारी न करे। यदि बिना कार्य पूर्ण किए एनओसी जारी की जाती है तो समिति इसे जनता के हितों के साथ गंभीर अन्याय मानेगी और जनहित की रक्षा के लिए माननीय न्यायालय की शरण लेने के लिए बाध्य होगी।
समिति ने लोक निर्माण विभाग, जल शक्ति विभाग, विद्युत विभाग, तहसील प्रशासन, एसडीएम कार्यालय तथा सभी पंचायत प्रतिनिधियों से आग्रह किया है कि फोरलेन निर्माण से प्रभावित कार्यों का वास्तविक निष्पादन सुनिश्चित किए बिना किसी भी प्रकार की एनओसी जारी न करें। इन शिकायतों पर माननीय मुख्य सचिव, हिमाचल प्रदेश ने हर बार संज्ञान लेते हुए संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजा गया है।
समिति ने उम्मीद जताई कि अब सभी विभाग अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए प्रभावित लोगों को शीघ्र राहत प्रदान करेंगे। फोरलेन निर्माण से प्रभावित परिवारों के सभी लंबित क्षतिपूर्ति मामलों का तत्काल निस्तारण किया जाए, ताकि वर्षों से चली आ रही जनसमस्याओं का स्थायी समाधान हो सके।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा