नेरचौक मेडिकल कॉलेज को सुपर स्पेशलिटी हब बनाने को लेकर नड्डा से मिले विधायक इंद्र सिंह गांधी
मंडी, 10 सितंबर (हि.स.)। मंडी जिला के बल्ह विधानसभा क्षेत्र के विधायक इंद्र सिंह गांधी ने नेरचौक मेडिकल कॉलेज एवं प्रदेश में स्वास्थ्य सुविधाओं की बदहाल स्थिति को लेकर गंभीर चिंता जताई है। उन्होंने कहा कि नेरचौक मेडिकल कॉलेज को प्रदेश के एक प्रमुख स्वास्थ्य संस्थान के रूप में विकसित करने के लिए केंद्र सरकार के सहयोग से यहां सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक, पैरामेडिकल संस्थान तथा मेडिकल यूनिवर्सिटी जैसी महत्वपूर्ण परियोजनाओं को आगे बढ़ाने की आवश्यकता है।
बल्ह की स्वास्थ्य समस्याओं को लेकर सौंपा मांगपत्र विधायक इंद्र सिंह गांधी ने कहा कि उन्होंने दिल्ली में केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री जगत प्रकाश नड्डा से मुलाकात कर बल्ह विधानसभा क्षेत्र सहित हिमाचल प्रदेश की स्वास्थ्य सुविधाओं से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि मुलाकात के दौरान उन्होंने बल्ह की जनता को स्वास्थ्य सेवाओं में आ रही समस्याओं, नेरचौक मेडिकल कॉलेज की आवश्यकताओं तथा क्षेत्र में चिकित्सा शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार को लेकर अपनी बात रखी और केंद्रीय मंत्री को मांगपत्र सौंपा।
उन्होंने कहा कि नेरचौक मेडिकल कॉलेज में सुपर स्पेशलिटी ब्लॉक की स्थापना, पैरामेडिकल संस्थान के निर्माण तथा मेडिकल यूनिवर्सिटी के लिए उपलब्ध भूमि का उपयोग करने सहित कई महत्वपूर्ण मांगें केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री के समक्ष रखी गई हैं। उन्होंने उम्मीद जताई कि केंद्र सरकार के स्तर पर इन विषयों पर सकारात्मक पहल होगी और नेरचौक को भविष्य में आधुनिक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा के बड़े केंद्र के रूप में विकसित किया जाएगा। इंद्र सिंह गांधी ने कहा कि पैरामेडिकल संस्थान के निर्माण के लिए केंद्र सरकार की करीब 12 करोड़ रुपए की राशि विभाग के पास लंबित है। इसके साथ ही मेडिकल कॉलेज नेरचौक के साथ लगभग 10 बीघा भूमि भी उपलब्ध है, जहां पैरामेडिकल संस्थान का निर्माण किया जा सकता है।
उन्होंने कहा कि मेडिकल यूनिवर्सिटी की स्थापना के लिए भी पर्याप्त भूमि उपलब्ध है। अटल मेडिकल एवं रिसर्च यूनिवर्सिटी से संबंधित क्षेत्र में मुहाल मुडापर में लगभग 200 बीघा भूमि उपलब्ध है। इसके अतिरिक्त टावा मुहाल, कंसा चौक ग्राउंड में करीब 78 बीघा समतल भूमि उपलब्ध है।
इंद्र सिंह गांधी ने कहा कि आज नेरचौक मेडिकल कॉलेज में मरीजों को कई मूलभूत सुविधाओं के लिए परेशान होना पड़ रहा है। कई बार दवाइयों की उपलब्धता को लेकर मरीजों को परेशानी होती है, वहीं मशीनों के खराब रहने के कारण भी मरीजों को अपेक्षित उपचार नहीं मिल पाता। गंभीर बीमारी से पीड़ित मरीजों और उनके परिजनों को एक सुविधा के लिए इधर-उधर भटकना पड़ रहा है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा