हिमाचल : स्कूलों में अब रोल नंबर के अनुसार बैठकर खाएंगे बच्चे, मिड डे मील के दौरान भेदभाव पर रहेगी सख्ती

 

शिमला, 26 जून (हि.स.)।

हिमाचल प्रदेश के सरकारी स्कूलों में मिड डे मील के दौरान सभी बच्चों को समानता और सम्मान का माहौल सुनिश्चित करने के लिए शिक्षा विभाग ने नए निर्देश जारी किए हैं। विभाग ने स्पष्ट किया है कि अब विद्यार्थियों को भोजन के समय रोल नंबर के क्रम में बैठाकर खाना खिलाया जाएगा, जिससे जाति, धर्म, लिंग या किसी अन्य सामाजिक आधार पर भेदभाव की कोई संभावना न रहे। यदि किसी विद्यालय में भोजन वितरण के दौरान किसी प्रकार के सामाजिक या जातीय भेदभाव की शिकायत सही पाई जाती है तो संबंधित अधिकारी, कर्मचारी या जिम्मेदार व्यक्ति के खिलाफ कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

शिक्षा निदेशालय की ओर से प्रदेश के सभी उपनिदेशकों, खंड प्रारंभिक शिक्षा अधिकारियों, स्कूल प्रमुखों और विद्यालय प्रबंधन समितियों को जारी निर्देशों में कहा गया है कि प्रधानमंत्री पोषण योजना, जिसे पहले मिड डे मील योजना के नाम से जाना जाता था, केवल बच्चों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध कराने की योजना नहीं है। इसका उद्देश्य विद्यार्थियों में समानता, भाईचारे, सामाजिक समरसता और परस्पर सम्मान की भावना विकसित करना भी है।

इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए सभी बच्चों को बिना किसी भेदभाव के एक साथ बैठाकर भोजन कराना अनिवार्य किया गया है।

विभाग ने कहा है कि स्कूलों में ऐसा वातावरण बनाया जाना चाहिए जहां हर बच्चा खुद को समान रूप से सम्मानित और सुरक्षित महसूस करे। भोजन वितरण के दौरान किसी भी विद्यार्थी के साथ अलग व्यवहार नहीं होना चाहिए और यह सुनिश्चित करना स्कूल प्रशासन की जिम्मेदारी होगी। निर्देशों में कहा गया है कि विद्यालय प्रबंधन समितियां, शिक्षक और स्थानीय समुदाय भी इस व्यवस्था की निगरानी करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि योजना का संचालन पूरी पारदर्शिता और समानता के साथ हो।

शिक्षा विभाग ने यह भी स्पष्ट किया है कि बच्चों के बीच किसी प्रकार का सामाजिक विभाजन या अलगाव न केवल योजना की भावना के खिलाफ है, बल्कि इससे बच्चों के मानसिक और सामाजिक विकास पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है। इसलिए सभी संबंधित अधिकारियों को इस विषय को गंभीरता से लेने के निर्देश दिए गए हैं।

योजना की निगरानी और शिकायतों के त्वरित समाधान के लिए विभाग ने शिकायत निवारण तंत्र को भी मजबूत किया है।

सभी सरकारी स्कूलों को निर्देश दिए गए हैं कि प्रधानमंत्री पोषण योजना से संबंधित टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1800-180-8007 को विद्यालय परिसर में प्रमुख स्थान पर प्रदर्शित किया जाए। इस हेल्पलाइन पर छात्र, अभिभावक या आम नागरिक भोजन की गुणवत्ता, वितरण व्यवस्था में अनियमितता या किसी भी प्रकार के भेदभाव से जुड़ी शिकायत दर्ज करा सकेंगे। यह हेल्पलाइन प्रत्येक कार्यदिवस सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक संचालित होगी।

शिक्षा विभाग ने सभी विद्यालयों से इन निर्देशों के पालन की नियमित निगरानी करने और मासिक रिपोर्ट भेजने को भी कहा है।

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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा