मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल नेरचौक में हिमाचल का पहला लाइव सर्जिकल राइनोप्लास्टी सम्मेलन

 


मंडी, 04 मई (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश में चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि के रूप में, एसएलबीएस सरकारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के ईएनटी कान-नाक-गला विभाग ने, एनाटॉमी विभाग के सहयोग से, 23वां एचपीएअोआईसीओएन -2026 सम्मेलन आयोजित किया गया। वहीं पर राइनोप्लास्टी पर पहला लाइव सर्जिकल एवं हैंड्स-ऑन

कैडावेरिक डिसेक्शन कोर्स सफलतापूर्वक आयोजित किया। यह आयोजन आयोजन अध्यक्ष डॉ. भूषण लाल के सक्षम नेतृत्व में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह दो दिवसीय शैक्षणिक कार्यक्रम हिमाचल प्रदेश में अपने प्रकार का पहला लाइव सर्जिकल राइनोप्लास्टी सम्मेलन था। जिसने उन्नत ईएनटी सर्जिकल प्रशिक्षण के क्षेत्र में राज्य को राष्ट्रीय शैक्षणिक मानचित्र पर स्थापित किया।

सम्मेलन का उद्घाटन प्रो. डॉ. राजेश भवानी, प्राचार्य, एसएलबीएसजीएमसीएच नेरचौक द्वारा किया गया। जिन्होंने ईएनटी विभाग की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार का राष्ट्रीय महत्व का शैक्षणिक कार्यक्रम युवा सर्जनों और स्नातकोत्तर प्रशिक्षुओं को उन्नत सर्जिकल सीखने के अवसर प्रदान करता है।

सम्मेलन की एक प्रमुख विशेषता राइनोप्लास्टी पर हैंड्स-ऑन कैडावेरिक डिसेक्शन कोर्स रहा। जिसमें प्रतिभागियों ने विशेषज्ञों के मार्गदर्शन में एनाटॉमी डिसेक्शन हॉल में कार्य किया।

उन्होंने नाक की संरचना, ऑस्टियोटॉमी, ग्राफ्टिंग तकनीक, संरचनात्मक सुधार तथा कार्यात्मक एवं सौंदर्यात्मक राइनोप्लास्टी प्रक्रियाओं का व्यावहारिक अनुभव प्राप्त किया। यह कैडावेरिक वर्कशॉप सम्मेलन के सबसे सराहनीय वैज्ञानिक सत्रों में से एक बनकर उभरी।

इस सम्मेलन में एम्स दिल्ली, जोधपुर, बिलासपुर और जम्मु से आए विशिष्ट अतिथि संकाय के साथ-साथ डॉ. नितिन एवं डॉ. सुदेश कुमार जैसे प्रख्यात विशेषज्ञों की गरिमामयी

उपस्थिति रही। इनके विशेषज्ञ मार्गदर्शन और अनुभव-साझाकरण ने सम्मेलन की शैक्षणिक गुणवत्ता को और समृद्ध बनाया तथा प्रतिभागियों को उच्च स्तरीय सीखने का अवसर प्रदान किया।

पहले दिन लाइव राइनोप्लास्टी सर्जरी डॉ. राकेश कुमार एचओडी एम्स दिल्ली एवं डॉ. कपिल सोनी एडिशनल प्रोफेसर एम्स जोधपुर द्वारा सफलतापूर्वक की गई। जिसका कुशल संचालन डॉ. अमर सिंह कंस्लटेंट अल नदाह होस्पिटल ओमान द्वारा किया गया।

आयोजन अध्यक्ष डॉ. भूषण ने बताया कि इस सम्मेलन में देशभर से लगभग 150

प्रतिनिधियों ने भाग लिया, जो इसकी व्यापक पहुंच और अकादमिक महत्व को दर्शाता है। इसके पश्चात राइनोप्लास्टी की समकालीन चुनौतियों पर एक इंटरैक्टिव पैनल चर्चा आयोजित की गई। दूसरे दिन में एयरवे मैनेजमेंट, नेज़ल वाल्व सर्जरी, कॉक्लियर इम्प्लांटेशन, रोबोटिक नेक सर्जरी, एंडोस्कोपिक साइनस सर्जरी, स्नातकोत्तर शोध-पत्र प्रस्तुतियाँ, पोस्टर सत्र और क्विज़ प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं,।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा