निचली अदालतों की फैसलों के खिलाफ ऊपरी अदालतें मौजूद : रिजिजू
धर्मशाला, 28 फ़रवरी (हि.स.)। दिल्ली के कथित शराब घोटाले में आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल और वरिष्ठ नेता मनीष सिसोदिया समेत 21 आरोपियों के आरोपमुक्त होने को लेकर केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू ने इस पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि निचली अदालत के फैसले में त्रुटि होने पर उसे सुधारने के लिए ऊपरी अदालतें मौजूद हैं। उन्होंने यह बात शनिवार को कांगड़ा के गगल एयरपोर्ट में पत्रकारों से बातचीत में कही। रिजिजू हिमाचल प्रदेश के दौरे पर हैं और आज वह चंबा जिला में मंत्रालय से जुड़े परियोजनाओं की समीक्षा करने के लिए सड़क मार्ग से रवाना हुए। इससे पहले वे लाहौल-स्पीति का दौरा कर विकास कार्यों का जायजा ले चुके हैं।
शनिवार को हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत में रिजिजू ने कहा कि यह एक सामान्य न्यायिक प्रक्रिया है। निचली अदालत के फैसले में अगर कोई गलती रह जाती है या तथ्यों की ठीक से जांच नहीं हुई है, तो मामले को ऊपरी अदालत में ले जाया जा सकता है। वहां से सही फैसला लिया जाता है।
वहीं एक अन्य सवाल के जवाब में एआई समिट के दौरान यूथ कांग्रेस के प्रदर्शन पर रिजिजू ने कहा कि उन्हें इस मामले की विस्तृत जानकारी नहीं है। हालांकि, उन्हें बताया गया है कि इसके पीछे किसी प्रकार का षड्यंत्र हो सकता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि मैं फिलहाल गृह मंत्रालय नहीं संभाल रहा हूं, इसलिए पूरी जानकारी मेरे पास नहीं है। जो भी मामला है, उसे सुलझा लिया जाना चाहिए।
हिमाचल की परियोजनाओं की होगी समीक्षा
अपने हिमाचल के दो दिवसीय दौरे को लेकर रिजिजू ने बताया कि हिमाचल प्रदेश उन्हें हमेशा आकर्षित करता है। उन्होंने कहा कि हिमाचल एक पहाड़ी राज्य है और मुझे यहां आना अच्छा लगता है। इस बार चंबा क्षेत्र में मंत्रालय से जुड़े कुछ प्रोजेक्ट हैं, जिनकी प्रगति की समीक्षा की जाएगी।
रिजिजू ने बताया कि इससे पहले उन्होंने लाहौल-स्पीति का भी दौरा किया था, जहां मंत्रालय की ओर से कई विकास परियोजनाएं संचालित की जा रही हैं।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया