ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर प्रशासनिक सुविधाएं उपलब्ध करवाने को सरकार प्रतिबद्ध : जगत नेगी

 


धर्मशाला, 25 सितंबर (हि.स.)। राजस्व, बागवानी एवं जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी ने शाहपुर विधानसभा क्षेत्र के तहत हारचक्कियां में प्रस्तावित सब-तहसील भवन का शिलान्यास किया। इस अवसर पर शाहपुर के विधायक एवं उप मुख्य सचेतक केवल सिंह पठानिया भी विशेष रूप से उपस्थित रहे।

इस अवसर पर राजस्व, बागवानी एवं जनजातीय विकास मंत्री जगत सिंह नेगी ने अपने संबोधन में कहा कि सब-तहसील भवन का शिलान्यास क्षेत्रवासियों के भवन के निर्माण से लोगों को राजस्व संबंधी विभिन्न सेवाएं अपने क्षेत्र में ही उपलब्ध होंगी और उन्हें छोटे-छोटे कार्यों के लिए दूर नहीं जाना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि भवन के निर्माण में धन की कोई कमी आड़े नहीं आने दी जाएगी तथा इसे शीघ्र पूरा कर आम जनता को समर्पित करने के प्रयास किए जाएंगे।

उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ग्रामीण क्षेत्रों में लोगों को बेहतर प्रशासनिक सुविधाएं उपलब्ध करवाने के साथ-साथ विकास कार्यों को गति देने के लिए प्रतिबद्ध है। सड़क, पेयजल, सिंचाई, शिक्षा, स्वास्थ्य और अन्य मूलभूत सुविधाओं से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जा रहा है।

जगत सिंह नेगी ने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविन्द्र सिंह सुक्खू ने प्रदेश सरकार के अपने संसाधनों से आपदा प्रभावित परिवारों को बड़ी राहत प्रदान की। पूर्ण रूप से क्षतिग्रस्त मकानों के लिए मिलने वाली सहायता राशि को बढ़ाकर सात लाख रुपये किया गया और पिछले वर्ष इसमें एक लाख रुपये की और वृद्धि कर इसे आठ लाख रुपये किया गया।

राजस्व मंत्री ने कहा कि वन अधिकार अधिनियम (एफआरए) का लाभ पात्र लोगों को उठाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों और संबंधित समितियों को निर्देश दिए कि पात्र लोगों के दावों का नियमानुसार समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित किया जाए।

उन्होंने कहा कि प्रदेश के निचले क्षेत्रों में बागवानी को बढ़ावा देने के लिए विशेष प्रयास किए जा रहे हैं। एचपी-शिवा योजना के तहत कांगड़ा सहित सात जिलों में लगभग 6,000 हेक्टेयर क्षेत्र को बागवानी के अंतर्गत लाने का लक्ष्य रखा गया है, पहले चरण में 3,000 हेक्टेयर क्षेत्र पर कार्य चल रहा है। इसके तहत अमरूद, लीची, नींबू वर्गीय फल, माल्टा सहित विभिन्न फलदार पौधों की खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि एचपी-शिवा योजना में पात्र किसानों को निर्धारित क्षेत्र में बागवानी गतिविधियों के लिए वित्तीय सहायता भी प्रदान की जा रही है।

हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया