ज्ञान विज्ञान समिति की नई कार्यकारिणी गठित, जनजागरूकता और नशा रोकथाम पर जोर
धर्मशाला, 12 अप्रैल (हि.स.)। हिमाचल ज्ञान विज्ञान समिति, ब्लॉक धर्मशाला की बैठक रविवार को गुरु रविदास सभागार, योल कैंट में संपन्न हुई। बैठक में संगठन के इतिहास, कार्यप्रणाली और भविष्य की चुनौतियों पर विस्तार से चर्चा की गई।
कार्यक्रम के दौरान विजय ने ज्ञान विज्ञान समिति के इतिहास और कांगड़ा जिला में इसके योगदान पर प्रकाश डाला। वहीं राका कौल ने लोकतांत्रिक संगठनों की कार्यशैली पर अपने विचार व्यक्त किए। मनोज चंदेल ने कहा कि ज्ञान विज्ञान समिति एक जनसंगठन है, जिसमें विभिन्न विचारधाराओं के लोग शामिल होकर अंधविश्वास, रूढ़िवादिता और नशे के खिलाफ मिलकर कार्य कर सकते हैं। उन्होंने बताया कि मात्र 10 रुपये शुल्क देकर कोई भी व्यक्ति संगठन का सदस्य बन सकता है।
डॉ. संजय चौधरी ने भविष्य की चुनौतियों पर चर्चा करते हुए संगठन को और मजबूत बनाने की आवश्यकता पर बल दिया। इस अवसर पर परमिंदर सिंह, रमेश भनोट, सुखदेव सिंह और जिला अध्यक्ष उर्मिला राणा ने भी अपने विचार रखे।
बैठक के अंत में जिला कमेटी सदस्य डॉ. संजय चौधरी द्वारा धर्मशाला ब्लॉक की नई कार्यकारिणी का प्रस्ताव रखा गया, जिसे उपस्थित प्रतिनिधियों ने सर्वसम्मति से पारित किया। नई कार्यकारिणी में स्वर्णलता को प्रधान, राधा, सरदार परविंदर सिंह को उपप्रधान, मनोज चंदेल को महासचिव, उपेंद्र एवं रमेश भटूआ को संयुक्त सचिव तथा अन्य सदस्यों के रूप में उमेश, विजय, डॉ. संजय, उर्मिला राणा, राका कौल, राजेश, अविनाश और नीलेश को शामिल किया गया।
सम्मेलन में यह भी निर्णय लिया गया कि आने वाले पंचायती चुनावों में मतदाताओं को जागरूक करने हेतु लीफलेट जारी किए जाएंगे और घर-घर जाकर लोगों को जागरूक किया जाएगा। साथ ही नशे के खिलाफ अभियान को तेज करने और अधिक से अधिक सदस्य बनाने का संकल्प लिया गया।
सम्मेलन के उपरांत नवगठित कार्यकारिणी की बैठक आयोजित की गई, जिसकी अध्यक्षता प्रधान स्वर्णलता ने की। बैठक में सदस्यता अभियान, पंचायती चुनावों में जनजागरूकता और नशा विरोधी गतिविधियों को प्राथमिकता देने का निर्णय लिया गया। अगली बैठक 8 मई को दाड़ी में आयोजित की जाएगी।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया