विधानसभा में राष्ट्रगान के दौरान भाजपा विधायकों की नारेबाजी संविधान और सदन का अपमान : देवेंद्र सिंह जग्गी

 


धर्मशाला, 22 अगस्त (हि.स.)। धर्मशाला के पूर्व मेयर एवं कांग्रेस नेता देवेंद्र सिंह जग्गी ने विधानसभा में राष्ट्रगान के दौरान भाजपा विधायकों द्वारा नारेबाजी किए जाने को संविधान और सदन की गरिमा को ठेस पहुंचाने वाला कृत्य बताया। उन्होंने कहा कि राष्ट्रगान और राष्ट्रगीत दोनों ही देश की आन, बान और शान के प्रतीक हैं तथा इनके सम्मान की परंपरा आजादी के बाद से चली आ रही है।

जग्गी ने कहा कि विधानसभा में सदन की कार्यवाही शुरू होने के अवसर पर राष्ट्रगान ‘जन गण मन’ गाया जाता है, जबकि सदन की कार्यवाही के अंतिम दिन राष्ट्रीय गीत ‘वंदे मातरम्’ के साथ समापन की परंपरा है। उन्होंने कहा कि यही परंपरा देश की संसद में भी निभाई जाती है। ऐसे में राष्ट्रगान के दौरान नारेबाजी करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण और सदन की मर्यादा के विपरीत है।

शनिवार को जारी एक प्रेस बयान में कांग्रेस नेता देवेंद्र जग्गी ने कहा कि यदि किसी सदस्य को राष्ट्रीय गीत के संबंध में कोई आपत्ति या सुझाव था तो उसे संसदीय प्रक्रिया के तहत रखा जा सकता था, लेकिन राष्ट्रगान के दौरान नारेबाजी करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रगान किसी राजनीतिक दल का नहीं, बल्कि पूरे देश का है। उन्होंने कहा कि इस विषय को लेकर हंगामा और वॉकआउट करना सदन की गरिमा के अनुरूप नहीं है।

हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया