एशियन कराटे फेडरेशन की काता व कुमिते जज परीक्षा में हिमाचल के शिहान अनिल कुमार राम ने रचा इतिहास
धर्मशाला, 15 जुलाई (हि.स.)। धर्मशाला के शिहान अनिल कुमार राम ने एशियन कराटे फेडरेशन (एकेएफ) की काता और कुमिते जज परीक्षा दोनों सफलतापूर्वक उत्तीर्ण कर प्रदेश का नाम रोशन किया है। छह से 12 जुलाई तक आयोजित इस प्रतिष्ठित परीक्षा में उन्होंने दोनों वर्गों में सफलता हासिल कर ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की। परीक्षा में पूरे एशिया से करीब 100 उम्मीदवारों ने भाग लिया, जबकि भारत से केवल 10 प्रतिभागी शामिल हुए। इनमें शिहान अनिल कुमार राम हिमाचल प्रदेश के एकमात्र प्रतिनिधि रहे, जिन्होंने काता और कुमिते दोनों जज परीक्षाएं सफलतापूर्वक पास कीं। यह उपलब्धि इसलिए भी खास मानी जा रही है क्योंकि पहली बार परीक्षा देने वाले कई प्रतिभागी एक भी परीक्षा उत्तीर्ण नहीं कर सके। कठिन मानी जाने वाली इस परीक्षा में सफलता ने शिहान अनिल कुमार राम की तकनीकी दक्षता और निर्णायक क्षमता को प्रमाणित किया। साथ ही उन्हें एशिया के वरिष्ठ अधिकारियों और विभिन्न देशों के प्रतिभागियों के साथ अनुभव साझा करने और नई तकनीकों को सीखने का अवसर भी मिला।
अपनी सफलता पर शिहान अनिल कुमार राम ने इसका श्रेय अपने मार्गदर्शकों, वरिष्ठ अधिकारियों, परिवार, विद्यार्थियों और शुभचिंतकों को दिया। उन्होंने कहा कि यह केवल उनकी व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि उन सभी लोगों के विश्वास, सहयोग और आशीर्वाद का परिणाम है, जिन्होंने हर कदम पर उनका साथ दिया।
उन्होंने कराटे इंडिया संगठन के अध्यक्ष हंशी भारत शर्मा, आरसी चेयरमैन हंशी प्रेमजीत सेन, केएएचपी चेयरमैन हंशी जनक राज जम्वाल तथा महासचिव सेंसई दामन जम्वाल का विशेष आभार व्यक्त किया। साथ ही अपने सभी गुरुओं, केएएचपी के रेफरी एवं जजों तथा यात्रा के दौरान सहयोग करने वाले सभी सेंसई का भी धन्यवाद किया।
हिन्दुस्थान समाचार / सतेंद्र धलारिया