हिमाचल विश्वविद्यालय में बीएड परीक्षा की तारीख बदलने की मांग, एसएफआई ने सौंपा ज्ञापन
शिमला, 04 जुलाई (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय (एचपीयू) में बीएड के विद्यार्थियों ने परीक्षा कार्यक्रम में बदलाव की मांग उठाई है। स्टूडेंट्स फेडरेशन ऑफ इंडिया (एसएफआई) की हिमाचल प्रदेश विश्वविद्यालय इकाई ने विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक (सीओई) से मुलाकात कर इस संबंध में ज्ञापन सौंपा।
एसएफआई का कहना है कि विश्वविद्यालय की ओर से जारी परीक्षा कार्यक्रम के अनुसार बीएड द्वितीय सेमेस्टर का 'असेसमेंट एंड लर्निंग' विषय का पेपर 17 जुलाई 2026 को होना है। वहीं बीएड चौथे सेमेस्टर का 'इन्क्लूसिव स्कूल' विषय का पेपर 18 जुलाई 2026 को निर्धारित किया गया है।
एसएफआई के अनुसार इन्हीं दो दिनों यानी 17 और 18 जुलाई को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (एनटीए) की ओर से सीएसआईआर राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (सीएसआईआर-नेट) भी आयोजित की जा रही है। एसएफआई ने कहा कि बीएड के कई विद्यार्थियों ने जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ) और असिस्टेंट फेलोशिप के लिए सीएसआईआर-नेट परीक्षा में आवेदन किया है। ऐसे में दोनों परीक्षाएं एक ही तारीख पर होने से विद्यार्थियों के सामने बड़ी समस्या खड़ी हो गई है।
ज्ञापन में कहा गया है कि यदि परीक्षा कार्यक्रम में कोई बदलाव नहीं किया गया तो विद्यार्थियों को अपनी विश्वविद्यालय की परीक्षा या राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगी परीक्षा में से किसी एक को छोड़ने के लिए मजबूर होना पड़ सकता है। संगठन का कहना है कि कई विद्यार्थियों के सीएसआईआर-नेट परीक्षा केंद्र शिमला से बाहर बनाए गए हैं। इस वजह से एक ही दिन दोनों परीक्षाओं में शामिल होना संभव नहीं है।
एसएफआई ने विश्वविद्यालय प्रशासन से बीएड परीक्षाओं की शुरुआत की तारीख आगे बढ़ाने या जिन विषयों की परीक्षा सीएसआईआर-नेट से टकरा रही है, उन्हें किसी दूसरी तारीख पर आयोजित करने की मांग की है। संगठन ने कहा कि समय रहते निर्णय होने से विद्यार्थी बिना किसी अतिरिक्त तनाव के दोनों परीक्षाओं की तैयारी कर सकेंगे।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा