हिमाचल में 20 तक बरसेंगे बादल, अलर्ट नहीं, भूस्खलन से 55 सड़कें बंद

 


शिमला, 14 सितंबर (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश में मानसून की रफ्तार भले ही धीमी पड़ रही हो, लेकिन अगले छह दिन मौसम पूरी तरह साफ रहने वाला नहीं है। मौसम विभाग ने 15 से 20 सितंबर तक प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश का अनुमान जताया है। इस दौरान किसी तरह का मौसम अलर्ट जारी नहीं किया गया है। सोमवार को भी प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हुई। शिमला में दोपहर तक मौसम साफ रहा, जबकि शाम को हल्की बारिश हुई।

नाहन में सबसे ज्यादा पांच सेंटीमीटर बारिश

बीते 24 घंटों के दौरान प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश हुई। सिरमौर जिला के मुख्यालय नाहन में सबसे अधिक पांच सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई। पंडोह और कसौली ए.डब्ल्यू.एस. में तीन-तीन सेंटीमीटर, जबकि कसौली में भी तीन सेंटीमीटर बारिश हुई। निचार, पच्छाद, पांवटा साहिब, धर्मशाला, सराहन, शिमला और सोलन में दो-दो सेंटीमीटर बारिश दर्ज की गई। चुवाड़ी, नंगल डैम, कोठी, सांगरा, कुफरी, ऊना, घाघस, धरमपुर, जोगिंद्रनगर और गूलर में एक-एक सेंटीमीटर बारिश हुई। शिमला, कुफरी, सुंदरनगर, मुरारी देवी, कांगड़ा और जोट में गरज-चमक भी दर्ज की गई।

15 और 16 सितंबर को कई जगह बारिश के आसार

मौसम विभाग के अनुसार 15 सितंबर को निचले पहाड़ी और मैदानी इलाकों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है, जबकि मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में कुछ जगह बारिश का अनुमान है। ऊंचे पहाड़ी क्षेत्रों में हल्की बारिश अलग-अलग स्थानों पर हो सकती है। 16 सितंबर को भी निचले पहाड़ी और मैदानी इलाकों में कई जगह तथा मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश की संभावना है। ऊंचे क्षेत्रों में हल्की बारिश अलग-अलग स्थानों पर हो सकती है। 17 सितंबर को निचले और मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में कुछ जगह हल्की से मध्यम बारिश, जबकि ऊंचे पहाड़ों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है।

18 से 20 सितंबर तक बारिश का दायरा और घटेगा

18 सितंबर को निचले पहाड़ी और मैदानी इलाकों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की बारिश, मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में कुछ जगह हल्की से मध्यम बारिश और ऊंचे क्षेत्रों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की बारिश का अनुमान है। 19 और 20 सितंबर को प्रदेश के सभी क्षेत्रों में बारिश की गतिविधि सीमित रहने की संभावना है। इन दोनों दिनों में अलग-अलग स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है। 14 से 17 सितंबर के बीच निचले और मध्य पहाड़ी क्षेत्रों में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं, लेकिन अगले सात दिनों के लिए कोई मौसम चेतावनी जारी नहीं की गई है।

55 सड़कें, सात ट्रांसफार्मर और 19 पेयजल योजनाएं बंद

राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के मुताबिक सोमवार शाम तक प्रदेश में भूस्खलन के कारण 55 सड़कें बंद थीं। सात बिजली ट्रांसफार्मर और 19 पेयजल योजनाएं भी प्रभावित रहीं। सुबह तक 75 सड़कें, 107 बिजली ट्रांसफार्मर और 19 पेयजल योजनाएं ठप थीं। यानी दिन के दौरान 20 सड़कें और 100 बिजली ट्रांसफार्मर बहाल कर दिए गए। पेयजल योजनाओं की संख्या में कोई बदलाव नहीं हुआ।

मानसून में बारिश से जुड़े हादसों में 303 मौतें

प्रदेश में इस मानसून सीजन के दौरान बारिश से जुड़े हादसों में अब तक 303 लोगों की मौत हुई है, जबकि 525 लोग घायल हुए हैं और चार लोग लापता हैं। इनमें 180 मौतें सड़क हादसों में हुईं। इसके अलावा भूस्खलन, फ्लैश फ्लड, पानी में बहने, फिसलने, गिरने और अन्य बारिश जनित हादसों में 123 लोगों की जान गई है।

129 घर और 470 पशुशालाएं पूरी तरह ध्वस्त

राज्य में 30 जून से अब तक बारिश से 129 घर, 17 दुकानें और 470 पशुशालाएं पूरी तरह ध्वस्त हुई हैं। 502 घरों को आंशिक नुकसान पहुंचा है। बारिश और इससे जुड़े हादसों से प्रदेश में अब तक चल-अचल संपत्ति को करीब 1,683 करोड़ रुपये का नुकसान हुआ है।

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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा