हिमाचल में फिर भारी बारिश, भूस्खलन से 112 सड़कें अवरुद्ध, कई जगह बिजली गुल
शिमला, 22 अगस्त (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश में पिछले दो-तीन दिनों से धीमा पड़ा मानसून शनिवार को एक बार फिर सक्रिय हो गया। राज्य के कई हिस्सों में सुबह से तेज बारिश हो रही है। चंबा, हमीरपुर और शिमला में बारिश का असर ज्यादा दिखाई दिया। राजधानी शिमला में तेज बारिश के बाद तापमान में गिरावट आई और मौसम में हल्की ठंडक महसूस की गई।
मौसम विभाग ने शनिवार को कांगड़ा, ऊना, हमीरपुर, मंडी, कुल्लू, बिलासपुर, सोलन और शिमला जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट जारी किया है। चंबा, सिरमौर, किन्नौर और लाहौल-स्पीति के लिए येलो अलर्ट है। विभाग के अनुसार 23 से 28 अगस्त के बीच भी राज्य के ज्यादातर हिस्सों में बारिश हो सकती है। हालांकि, इस अवधि के लिए कोई अलर्ट या विशेष चेतावनी जारी नहीं की गई है। इससे संकेत है कि आने वाले दिनों में मानसून की गतिविधि अपेक्षाकृत धीमी रह सकती है।
पिछले 24 घंटों के दौरान कांगड़ा जिले में कई जगह अच्छी बारिश दर्ज की गई। धर्मशाला में 68 मिलीमीटर, नगरोटा सूरियां में 60 मिलीमीटर, कांगड़ा में 51 मिलीमीटर और सुजानपुर टीहरा में 38 मिलीमीटर बारिश हुई।
लगातार बारिश का असर राज्य की सड़कों, बिजली और पेयजल व्यवस्था पर भी पड़ा है। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार शनिवार सुबह तक भूस्खलन और बारिश के कारण प्रदेश में 112 सड़कें बंद थीं। इसके अलावा 138 बिजली ट्रांसफार्मर और 35 पेयजल योजनाएं भी प्रभावित रहीं।
सड़क और बिजली व्यवस्था में मंडी जिला सबसे ज्यादा प्रभावित है। यहां 46 सड़कें बंद हैं और 42 बिजली ट्रांसफार्मर काम नहीं कर रहे हैं। कुल्लू में 32 सड़कें बंद हैं और 21 बिजली ट्रांसफार्मर प्रभावित हैं। सड़क बंद होने से कई इलाकों में लोगों की आवाजाही पर असर पड़ा है।
अन्य जिलों में बिजली व्यवस्था की बात करें तो चंबा में 12, कांगड़ा में छह, शिमला, सिरमौर और ऊना में पांच-पांच ट्रांसफार्मर बंद हैं। सिरमौर में 40 और हमीरपुर में 31 ट्रांसफार्मर प्रभावित बताए गए हैं। हमीरपुर में 30 पेयजल योजनाएं भी बंद हैं।
मानसून की बारिश से इस साल राज्य में अब तक बड़े स्तर पर नुकसान हुआ है। राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार मानसून सीजन में बारिश से जुड़े हादसों में अब तक 221 लोगों की मौत हुई है। इस दौरान 87 घर, 15 दुकानें और 322 पशुशालाएं पूरी तरह ध्वस्त हुई हैं। 361 घरों को आंशिक नुकसान पहुंचा है।
राज्य में मानसून से अब तक करीब 1,110 करोड़ रुपये की संपत्ति को नुकसान हुआ है। इसमें सबसे बड़ा नुकसान लोक निर्माण विभाग को हुआ है। विभाग को करीब 825 करोड़ रुपये का नुकसान दर्ज किया गया है।
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हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा