हिमाचल ज्ञान विज्ञान समिति की दो दिवसीय राज्य कार्यकारिणी की बैठक आयाेजित
मंडी, 16 अगस्त (हि.स.)। हिमाचल ज्ञान विज्ञान समिति की दो दिवसीय राज्य कार्यकारिणी की बैठक में जन विज्ञान आंदोलन के प्रखर चिंतक, वैज्ञानिक, विचारक, शिक्षाविद् एवं भारत ज्ञान विज्ञान समिति के संस्थापक सचिव डॉ.एम.पी. परमेश्वरन श्रद्धांजलि अर्पित की। डॉ.एम.पी. परमेश्वरन के निधन से देश के जन विज्ञान आंदोलन ने एक ऐसे चिंतक, वैज्ञानिक, मार्गदर्शक और कर्मठ कार्यकर्ता को खो दिया है। जिसकी कमी लंबे समय तक महसूस की जाएगी।
विज्ञान को आम लोगों के जीवन और सामाजिक परिवर्तन से जोड़ने, वैज्ञानिक दृष्टिकोण को मजबूत करने तथा विकास की प्रक्रिया में आम जनता की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करने के उनके विचार आने वाली पीढ़ियों के कार्यकर्ताओं को प्रेरित करते रहेंगे।
समिति के कोषाध्यक्ष जीयानंद शर्मा ने कहा कि समिति ने एक महान वैज्ञानिक, विचारक, शिक्षाविद् और अपने बुनियादी एवं मजबूत स्तंभ को खो दिया है। उन्होंने कहा कि डॉ. परमेश्वरन ने अपना पूरा जीवन विज्ञान को आम लोगों से जोड़ने, वैज्ञानिक दृष्टिकोण को सामाजिक परिवर्तन का माध्यम बनाने तथा विकास की वैकल्पिक सोच को आगे बढ़ाने में समर्पित किया।
अखिल भारतीय जन विज्ञान नेटवर्क के कार्यकारिणी सदस्य जोगिंदर वालिया ने कहा कि देश में स्थानीय निकायों में सत्ता के विकेंद्रीकरण और पीपुल्स प्लान की अवधारणा को आगे बढ़ाने में डॉ.एम.पी. परमेश्वरन का महत्वपूर्ण योगदान रहा। उन्होंने केरल में इस प्रयोग को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और बाद में देश के अन्य हिस्सों में भी इस सोच को आगे बढ़ाने के प्रयास हुए। भारत ज्ञान विज्ञान समिति के सचिव डॉ. ओम प्रकाश भूरेटा ने कहा कि एम.पी.के निधन से संगठन ने एक अभिभावक व्यक्तित्व को खो दिया है।
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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा