फोरलेन की कटिंग से चार मंजिला मकान को खतरा

 


मंडी, 17 अप्रैल (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश में बनाई जा रही फोरलेन के लिए की जा रही कटिंग ने कई लोगों के आशियानों को खतरे में डाल रखा है। ऐसे भी बहुत से लोग हैं जिन्हें न तो कोई मुआवजा मिला और न कोई राहत, फोरलेन के लिए अधिग्रहित की गई जमीन से बाहर रहे मकान तब खतरे में आ गए जब कई कई फीट कटिंग करने से हुए लैंड स्लाइड व खड़ी ढांक बन जाने से वह मकान भी खतरे में आ गए जिनका मुआवजे से कोई लेना देना नहीं है।

मंडी नगर निगम के ही वार्ड नंबर एक खलियार में आने वाले बिजणी मुहाल में मुनीश कुमार पुत्र मेघ सिंह अपने चार मंजिला मकान को बचाने के लिए एक साल से जदोजहद कर रहा है। यहां पर फोरलेन के लिए कई कई फीट उंचाई तक कटिंग की गई तो उसका चार मंजिला मकान खतरे में आ गया। आरोप है कि खड़ी व अवैज्ञानिक कटिंग के कारण यह खतरा ज्यादा बना है।

मुनीश के अनुसार पटवारी भी कई बार आए, खतरे की रिपोर्ट बनाई, नगर निगम की पार्षद अलकनंदा हांडा ने मौके पर जाकर कई बार अपनी रिपोर्ट बनाकर एनएचएआई के अधिकारियों तक पहुंचाई, उपायुक्त को भी लिखा, उपमंडलाधिकारी को भी पत्र दिया और भी जहां जहां पर जाने की जरूरत थी वहां पर भी खतो किताबत की। मुनीश ने बताया कि निर्माण कर रही गाबर कंपनी ने डंगा लगाना शुरू किया तो ऐसे लगा कि अब उनके मकान बच जाएगा, मगर बीच में ही काम रोक दिया, शटरिंग भी अभी दो महीने से चढ़ी हुई है मगर अब काम बंद कर दिया गया है। जबकि अभी भी कई फीट नीचे तक ही डंगा लगाया गया और कटिंग उपर तक कर रखी है। इससे खतरा बना हुआ है।

मुनीश कुमार व उसके पिता मेघ सिंह के साथ साथ कुछ अन्य लोग पूर्ण चंद, खेम चंद, चंद्र प्रकाश व मनीष कपूर के मकान भी इसी तरह से खतरनाक कटिंग के चलते खतरे में हैं। ये सब लोग पिछले एक साल से लगातार अपने घरों को बचाने की जद्दोजहद में लगे हैं, कई जगह जाकर अपनी चप्पलें घिस चुके हैं। मुनीश कुमार ने हाल ही में फिर से उपमंडलाधिकारी को पत्र देकर गुहार लगाई है कि उसके मकान को लगाए जा रहे अधूरे डंगे का काम पूरा किया जाए, बरसात आने से पहले पहले पूरा करने के आदेश निर्माण कर रही कंपनी व एनएचएआई को दिए जाएं ताकि उनका परिवार चैन की नींद सो सके। इसके साथ उन्होंने खतरे में आए अन्य मकानों के परिवारों के आग्रह पत्र व अन्य जो भी रिपोर्ट आदि हैं को संलग्न किए हैं ताकि इस पर संज्ञान लिया जा सके।

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हिन्दुस्थान समाचार / मुरारी शर्मा