कांग्रेस सरकार में तालमेल की कमी, मंत्री-अधिकारी टकराव से जनता परेशान: भाजपा

 




शिमला, 16 जनवरी (हि.स.)। हिमाचल प्रदेश में कांग्रेस सरकार के भीतर चल रही आपसी खींचतान को लेकर विपक्षी दल भाजपा ने निशाना साधा है। भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष बिहारी लाल शर्मा ने शुक्रवार को कहा है कि मंत्रियों और अधिकारियों के बीच चल रहे विवादों से प्रदेश का प्रशासन प्रभावित हो रहा है और इसका सीधा नुकसान आम जनता को उठाना पड़ रहा है।

बिहारी लाल शर्मा ने कहा कि हाल के दिनों में लोक निर्माण मंत्री विक्रमादित्य सिंह, राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी और पंचायती राज मंत्री अनिरुद्ध सिंह के बयानों से यह साफ हो गया है कि सरकार के भीतर तालमेल की कमी है। एक मंत्री कुछ कहता है, दूसरा उसका विरोध करता है और तीसरा संयम की बात करता है। इससे यह संदेश जा रहा है कि सरकार के पास न तो स्पष्ट नेतृत्व है और न ही काम करने की एकजुट दिशा।

उन्होंने कहा कि जब मंत्री सार्वजनिक मंचों और सोशल मीडिया पर अधिकारियों को लेकर बयान देते हैं और उसी सरकार के अन्य मंत्री उन्हें गलत बताते हैं, तो इससे अधिकारियों का मनोबल टूटता है। ऐसे माहौल में प्रशासनिक फैसले प्रभावित होते हैं और विकास से जुड़े काम ठप पड़ जाते हैं।

भाजपा नेता के मुताबिक इस अंदरूनी टकराव का खामियाजा प्रदेश की करीब 75 लाख जनता भुगत रही है। विकास कार्यों की रफ्तार धीमी हो गई है और शासन में अस्थिरता दिखाई दे रही है। सचिवालय से लेकर जमीनी स्तर तक भ्रम की स्थिति बनी हुई है और अधिकारी असमंजस में हैं कि किसके निर्देशों को प्राथमिकता दी जाए।

बिहारी लाल शर्मा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार अपनी विफलताओं से ध्यान हटाने के लिए ऐसे विवादों को बढ़ावा दे रही है। उन्होंने कहा कि जब जनता महंगाई, बेरोजगारी और सुरक्षा जैसी समस्याओं से जूझ रही है तब सरकार के मंत्री आपसी बयानबाज़ी में उलझे हुए हैं।

उन्होंने कहा कि भारतीय जनता पार्टी इस अव्यवस्था और अराजकता को स्वीकार नहीं करेगी। कांग्रेस सरकार को आपसी संघर्ष छोड़कर जनहित के मुद्दों पर ध्यान देना चाहिए, नहीं तो आने वाले समय में जनता इसका जवाब देगी।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / उज्जवल शर्मा