जींद : देशखेड़ा के पास टूटी करसोला माइनर, सेंकड़ों एकड़ फसल जलमग्न

 


जींद, 03 नवंबर (हि.स.)। जुलाना क्षेत्र के देशखेड़ा गांव के पास करसोला माइनर टूटने से किसानों की सैंकड़ों एकड़ फसल जलमग्न हो गई। माइनर गांव के पास दो अलग-अलग स्थानों से टूट गईए जिससे खेतों में तेजी से पानी भर गया। खेतों में पानी जमा होने से किसानों को भारी नुकसान होने की आशंका है। घटना के बाद किसानों में सिंचाई विभाग के प्रति रोष बना हुआ है।

किसानों ने आरोप लगाया कि सिंचाई विभाग की ओर से माइनर में क्षमता से अधिक पानी छोड़ा जा रहा था। पानी का बहाव अधिक होने के कारण माइनर ओवरफ्लो हो गई और दबाव बढऩे से दो स्थानों से टूट गई। माइनर टूटने के बाद पानी आसपास के खेतों में फैल गया और देखते ही देखते सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न हो गई। किसानों के अनुसार खेतों में खड़ी फसल में पानी भरने से उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है। मंगलवार को देशखेड़ा गांव के किसान भुपेंद्र, प्रताप आदि ने बताया कि माइनर टूटने की सूचना संबंधित विभाग और प्रशासन को दी गई लेकिन घटना के करीब तीन घंटे बीत जाने के बाद भी कोई प्रशासनिक अधिकारी मौके पर नहीं पहुंचा। इससे किसानों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। किसानों का कहना है कि यदि समय रहते पानी के बहाव को बंद करने और माइनर की मरम्मत के लिए कदम उठाए जाते तो नुकसान को कम किया जा सकता था।

सूचना पाकर मौके पर हरियाणा समाज कल्याण बोर्ड के चेयरमैन कैप्टन योगेश बैरागी पहुंचे और किसानों से बात की। किसानों ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि माइनरों में पानी छोडऩे से पहले उनकी स्थिति की जांच की जानी चाहिएए ताकि इस प्रकार की घटनाओं से किसानों की मेहनत पर पानी न फिरे। देशखेड़ा गांव में दो अलग-अलग जगह से माइनर टूटने से लगभग 150 से 200 एकड़ में जलभराव हो गया। जिससे उनकी फसल खराब होने की कगार पर पहुंच गई है। किसानों ने बताया कि खेतों में अभी धान की फसल पकी खड़ी है लेकिन जलभराव से फसल खराब हो गई है। किसानों की मांग है कि उन्हें गिरदावरी करवाकर मुआवजा दिया जाएगा।

हिन्दुस्थान समाचार / विजेंद्र मराठा