गुरुग्राम: सरकारी विभागों में मनचाही नियुक्तियों के लिए पैरवी की तो होगी कार्रवाई

 

-गुरुग्राम जिला प्रशासन की इस एडवाइजरी से कर्मचारियों में हडक़ंप

गुरुग्राम, 23 मई (हि.स.)। सरकारी विभागों में मनचाही नियुक्ति के लिए मंत्रियों, विधायकों और राजनीतिक वर्चस्व रखने वाले नेताओं की सिफारिश लगवाने वाले कर्मचारियों पर जिला प्रशासन ने सख्ती दिखाई है। प्रशासन में नियुक्तियों को लेकर नेताओं, वरिष्ठ अधिकारियों व अन्य लोगों के बढ़ते प्रभाव पर उपायुक्त ने एडवाइजरी जारी करके साफ कहा है कि अगर किसी ने सिफारिश लगवाई तो उस पर जुर्माना लगेगा। इससे कर्मचारियों में हडक़ंप मच गया है। साथ ही यह अलग ही तरह की एडवाइजरी अधिकारियों, कर्मचारियों में चर्चा का विषय भी बनी है।

गुरुग्राम के उपायुक्त कार्यालय द्वारा शनिवार को जारी की गई एडवाइजरी में कहा गया है कि मनचाही नियुक्ति के लिए तबादलों की पैरवी करवाने वाले कर्मचारियों पर हरियाणा सिविल सेवा (दंड और अपील) नियम, 2016 और अन्य लागू नियमों, निर्देशों के प्रावधानों के तहत अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त कार्यालय ने सिटी मजिस्ट्रेट, एसडीएम, जिला राजस्व अधिकारी, जिला विकास एवं पंचायत अधिकारी और सभी तहसीलदारों को निर्देश दिया कि वे निर्देशों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करें। अपने नियंत्रण में कार्यरत सभी अधिकारियों के बीच यह जानकारी सांझा कर दें। अपने अधीन कार्यरत प्रत्येक कर्मचारी से इस सलाह की रसीद भी ले लें।

सूत्रों ने बताया कि चपरासी स्तर से लेकर सेक्शन ऑफिसर स्तर तक तबादले और नियुक्तियां जिले में पैसा कमाने का उद्योग बन गई हैं। इसलिए जिला प्रशासन को लिखित में ऐसा कदम उठाना पड़ा। क्योंकि कर्मचारी निर्धारित प्रशासनिक प्रक्रिया का उल्लंघन करके लोक प्रतिनिधियों, वरिष्ठ अधिकारियों और अन्य अनौपचारिक तरीकों से तबादलों और नियुक्तियों से संबंधित मामलों को प्रभावित करने का प्रयास कर रहे हैं। उपायुक्त की ओर से कहा गया है कि ऐसा आचरण अनुचित है। सरकारी कर्मचारी के लिए अशोभनीय है। लोक सेवा में अनुशासन, पारदर्शिता और निष्पक्षता पर प्रतिकूल प्रभाव भी डालता है।

हिन्दुस्थान समाचार / ईश्वर