हिसार : फैक्ट्री मालिक को थमाया दो महीने का 36.57 करोड़ रुपये का बिल

 


विवाद बढ़ा तो जांच में में निकली क्लेरिकल मिस्टेक

हिसार, 14 जनवरी (हि.स.)। दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम हांसी की बड़ी लापरवाही

का मामला सामने आया है। निगम की ओर से बडसी गेट के नजदीक स्थित खारड़िया ऑयल मिल के

मालिक को दो महीने का बिजली बिल लाखों में नहीं बल्कि 36 करोड़ 57 लाख 51 हजार 114

रुपये का भेज दिया गया। हैरानी की बात यह रही कि भेजे गए बिल में 53 लाख 74 हजार रुपये

का सरचार्ज भी जोड़ दिया गया।

बिजली बिल को देखकर एक बार फैक्ट्री मालिक चंद्रभान खरड़िया के होश उड़ गए।

उसने बुधवार सुबह जब यह बिल अपने पुत्र को दिखाया तो वह भी स्तब्ध रह गया। फैक्ट्री मालिक चंद्रभान

का कहना है कि उनकी फैक्ट्री का कोई भी पिछला बिल बकाया नहीं है और वे समय पर नियमित

रूप से बिजली बिल जमा करवाते आ रहे हैं।

बिजली निगम द्वारा बिनौला फैक्ट्री को 36 करोड़

57 लाख 51 हजार 114 रुपये का बिल भेजे जाने की जानकारी मिलते ही हांसी व्यापार मंडल

के अध्यक्ष प्रवीण तायल मौके पर पहुंचे और इसे बिजली विभाग की घोर लापरवाही बताते हुए

कहा कि करोड़ों रुपये का गलत बिल किसी भी व्यापारी के लिए मानसिक प्रताड़ना से कम नहीं

है। उन्होंने कहा कि यह सरासर नाइंसाफी है और विभागीय व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े

करता है।

फैक्ट्री प्रबंधन की ओर से सौरभ खरड़िया ने बताया कि दो माह का इतना भारी-भरकम

बिल देखकर वे भी बेहद परेशान हो गए। इसके बाद मामले को बिजली विभाग के अधिकारियों के

साथ बने व्हाट्सएप ग्रुप में डाला गया, जिस पर अधिकारियों ने तुरंत संज्ञान लिया और

इसे तकनीकी खराबी खराबी बताते हुए जल्द ठीक किए जाने का आश्वासन दिया। इस संबंध में बिजली निगम के कार्यकारी अभियंता सुरेंद्र मेहरा ने बताया कि

यह एक क्लर्कीय त्रुटि थी, जिसे ठीक किया जा रहा था। गलती सुधारने के बाद सही बिल फैक्ट्री

मालिक को दिखाया गया, जिससे उन्हें कुछ संतोष मिला।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर