दीपावली पर जांच अभियान में 50,000 किग्रा मिलावटी मिठाई व पनीर नष्ट
-प्रदेश भर में जांच में 170 सैंपल फेल
-हरियाणा में मिलावटखोरी पर स्वास्थ्य मंत्री की सख्त कार्रवाई
चंडीगढ़, 03 नवंबर (हि.स.)। त्यौहारों के अवसर पर प्रदेश की जनता को शुद्ध एवं सुरक्षित खाद्य पदार्थ उपलब्ध करवाने के उद्देश्य से हरियाणा सरकार ने मिलावटखोरों के खिलाफ चौतरफा शिकंजा कस दिया है। हरियाणा की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने कहा है कि राज्य सरकार प्रदेशवासियों के स्वास्थ्य और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं करेगी।
स्वास्थ्य मंत्री के दिशा-निर्देश पर खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग द्वारा आगामी दीपावली के मद्देनजऱ एक अक्टूबर से प्रदेशभर में गहन चेकिंग अभियान चलाया गया है, जो दीपावली तक निरंतर जारी रहेगा। स्वास्थ्य मंत्री के अनुसार, इस अभियान के तहत अब तक पूरे राज्य से मिठाई, मावा, दूध, पनीर और अन्य खाद्य पदार्थों के कुल 1,288 सैंपल एकत्र किए जा चुके हैं। इनमें से 861 सैंपल की प्रयोगशाला जांच पूरी हो चुकी है, जिनमें से 170 सैंपल मानकों पर खरे नहीं उतरे।
जांच में 140 सैंपल सब-स्टैंडर्ड तथा 30 सैंपल मानव उपभोग के लिए असुरक्षित पाए गए हैं। कड़ा संज्ञान लेते हुए विभाग ने विभिन्न जिलों में छापेमारी कर अब तक लगभग 50,000 किलोग्राम मिलावटी मिठाइयों और नकली पनीर को मौके पर ही नष्ट करवाया है।
उपभोक्ताओं की सुरक्षा और जागरूकता को सर्वोपरि बताते हुए आरती सिंह राव ने कहा कि जिन भी दुकानदारों और विक्रेताओं के सैंपल फेल हुए हैं, उनके नाम और पते एफडीए हरियाणा के आधिकारिक पोर्टल पर सार्वजनिक रूप से अपलोड किए जा रहे हैं ताकि आम जनता सतर्क रह सके।
राज्य में सेहत से खिलवाड़ रोकने के लिए हरियाणा सरकार ने एनालॉग-पनीर के निर्माण और बिक्री पर पूर्ण प्रतिबंध की सख्त निगरानी के आदेश दिए हैं। जांच प्रक्रिया में तेजी लाने के लिए करनाल और चंडीगढ़ स्थित फूड एनालिसिस लेबोरेटरीज को प्राथमिकता के आधार पर 48 घंटे के भीतर सैंपल रिपोर्ट सौंपने के निर्देश जारी किए गए हैं। इसके अतिरिक्त, मौके पर तत्काल जांच की सुविधा प्रदान करने के लिए 5 मोबाइल फूड टेस्टिंग लैब को राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में तैनात किया गया है। स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव ने आम नागरिकों से भी सतर्क रहने की अपील की है।
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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा