पानीयत: रिफाइनरी में दूसरे दिन भी पुलिस और श्रमिको के बीच लाठीचार्च व पथराव

 






पानीपत, 25 फ़रवरी (हि.स.)। पानीपत रिफाइनरी में श्रमिकों ने बुधवार को फिर पुलिस पर पथराव कर दिया। श्रमिकों ने सुबह काम पर जाने से मना कर दिया, उनका कहना था कि अभी तक हमें ठेकेदार ने मानी हुई मांगों को लिखित में नहीं दिया है। उन्होंने रोड पर जाम लगा दिया । पुलिस अधिकारियों ने उन्हें समझाने की कोशिश की, लेकिन वे नहीं माने और भीड़ भड़क गई। पुलिस फोर्स ने भी कार्रवाई करते हुए लाठीचार्ज किया जिसमें एक श्रमिक का हाथ भी टूट गया।

तनावपूर्ण माहौल को देखते हुए पुलिस ने व्रज वाहन तैनात किए हैं। अधिकारी मजदूरों को काम पर लौटने की अपील कर रहे हैं। श्रमिको का कहना है कि प्रशासन ने उनकी आठ घंटे की ड्यूटी समेत अन्य मांगें मान ली थीं। अब उनकी मांग है कि इन मांगों को पूरी रिफाइनरी में बोर्ड पर लिखवाया जाए। साथ ही, जो ठेकेदार इसका पालन न करे, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई कर उसे ब्लैकलिस्ट किया जाए।

इससे पहले मंगलवार को मजदूरों ने रिफाइनरी में सुरक्षा बलों पर पथराव किया था। साथ ही गाड़ियों में तोड़फोड़ की थी। माहौल शांत करने के लिए सीआईएसएफ ने दो हवाई फायर भी किए थे। इसके बाद सदर थाने में ढाई हजार श्रमिकों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। मंगलवार की देर शाम तक चली पानीपत उपायुक्त वीरेंद्र दहिया व पुलिस अधीक्षक भूपेंद्र सिंह और रिफाइनरी के अधिकारियों के साथ मीटिंग में मजदूरों की सभी मांगें मान ली गईं थीं।

बुधवार सुबह श्रमिकों को काम पर वापस लौटना था। इससे पहले रिफाइनरी में पुलिस फोर्स तैनात की गई, लेकिन श्रमिक काम पर जाने के बजाए सड़क पर एकत्र हो गए। उन्होंने कहा कि रिफाइनरी के अधिकारी उन्हें लिखित रूप में आश्वस्त कराएं कि उनकी सभी मांगें पूरी हो चुकी हैं। अधिकारियों ने उन्हें समझाने की कोशिश की, मगर वो नहीं माने। इसी बीच श्रमिकों ने पुलिस पर पथराव कर दिया। इसके बाद पुलिस फोर्स ने भी जवाबी कार्रवाई करते हुए मजदूरों पर लाठीचार्ज किया। श्रमिक सुनील ने बताया कि मैं सिर्फ वहां खड़ा होकर देख रहा था। तभी अचानक हाथों में डंडे लेकर पुलिस कर्मचारी आए और पीटने लगे, पुलिस श्रमिको को दौड़ा-दौड़ाकर पीट रहे थे।

हिन्दुस्थान समाचार / अनिल वर्मा