हिसार : शिनकून चोटी पर तिरंगा फहराकर प्रो. मनोज कुमार ने दिया देशभक्ति एवं पर्यावरण संरक्षण का संदेश
6130 मीटर की ऊंचाई पर लहराया राष्ट्रध्वज, कठिन मौसम और दुर्गम परिस्थितियों
को दी मात
हिसार, 17 अगस्त (हि.स.)। स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर राजगढ़ रोड स्थित राजकीय
महाविद्यालय के भूगोल विभाग के प्रोफेसर एवं पर्वतारोही मनोज कुमार ने हिमाचल प्रदेश
की 6,130 मीटर ऊंची शिनकून (पश्चिम) चोटी पर भारतीय तिरंगा फहराकर देशभक्ति, साहस और
पर्यावरण संरक्षण का अनूठा संदेश दिया। उन्होंने 15 अगस्त को इस दुर्गम पर्वत चोटी
पर तिरंगा लहराकर स्वतंत्रता दिवस को यादगार बनाया।
शिनकून चोटी तक पहुंचने का अभियान आसान नहीं था। इस दौरान प्रो. मनोज कुमार
को बेहद कठिन मौसम, जमा देने वाली ठंड, चुनौतीपूर्ण भू-भाग और प्रतिकूल परिस्थितियों
का सामना करना पड़ा। तमाम मुश्किलों के बावजूद उन्होंने हिम्मत और दृढ़ संकल्प के साथ
अभियान जारी रखा और सफलतापूर्वक चोटी के शिखर तक पहुंचकर राष्ट्रध्वज फहराया। उनकी
इस उपलब्धि ने न केवल हिसार बल्कि पूरे हरियाणा को गौरवान्वित किया है।
प्रो. मनोज कुमार हरियाणा के सक्रिय एवं चर्चित पर्वतारोहियों में शामिल हैं।
वे इससे पहले भी देश-विदेश की कई ऊंची पर्वत चोटियों पर भारतीय तिरंगा फहरा चुके हैं।
इनमें यूरोप की माउंट एल्ब्रुस, अफ्रीका की माउंट किलिमंजारो, एवरेस्ट बेस कैंप तथा
हिमालय की मचोई और ब्लैक पीक सहित कई प्रमुख चोटियां शामिल हैं। उनके पर्वतारोहण अभियानों
का उद्देश्य केवल ऊंची चोटियों को फतह करना नहीं, बल्कि साहस, राष्ट्रप्रेम और पर्यावरण
संरक्षण का संदेश लोगों तक पहुंचाना भी रहा है। शिनकून अभियान के माध्यम से भी उन्होंने
इसी उद्देश्य को आगे बढ़ाया।
अभियान के दौरान प्रो. मनोज कुमार ने जलवायु परिवर्तन और ग्लोबल वार्मिंग के
बढ़ते प्रभावों को लेकर भी जागरूकता का संदेश दिया।
प्रो. मनोज कुमार ने अपने अभियान को केंद्र सरकार के ‘हर घर तिरंगा’ अभियान से जोड़ते हुए
देशवासियों से राष्ट्रध्वज के प्रति सम्मान और राष्ट्रप्रेम की भावना को और मजबूत करने
का संदेश दिया। उन्होंने कहा कि देश के तिरंगे को दुनिया की ऊंची पर्वत चोटियों पर
फहराना उनके लिए गौरव का विषय है। प्रो. मनोज कुमार ने भविष्य में सभी महाद्वीपों की सर्वोच्च पर्वत चोटियों
पर भारतीय तिरंगा फहराने की इच्छा व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस लक्ष्य को पूरा करने
के लिए उपयुक्त प्रायोजक एवं संस्थागत सहयोग की आवश्यकता होगी। उनका प्रयास है कि आने
वाले पर्वतारोहण अभियानों के माध्यम से भारत की आन-बान-शान तिरंगे को और अधिक ऊंचाइयों
तक पहुंचाने के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी वैश्विक स्तर पर दिया जाए। अभियान की सफलता पर प्रो. मनोज कुमार ने अपनी पत्नी संगीता, माता-पिता, गो
क्लाइंब अप टीम, राजकीय महाविद्यालय हिसार की प्राचार्य प्रो. अंजू चौधरी, भूगोल विभागाध्यक्ष
राजेंद्र सेवदा तथा हरियाणा के लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि परिवार,
संस्थान और सहयोगियों के प्रोत्साहन ने इस चुनौतीपूर्ण अभियान को सफल बनाने में महत्वपूर्ण
भूमिका निभाई।
हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर