हिसार : ग्रामीणों ने पुलिस थाने के बाहर शव रखकर लगाया जाम

 


खरकड़ा निवासी एक व्यक्ति की मौत के बाद उग्र

हुए ग्रामीण

दोनों पक्षों के बीच हुई बातचीत और समझाने के

बाद मामला हुआ शांत : करमजीत सिंह

हिसार, 14 जून (हि.स.)। बरवाला थाना क्षेत्र के

गांव खरकड़ा निवासी लगभग 40 वर्षीय बिंटू की तबीयत बिगड़ने के बाद हुई मौत से गुस्साए

परिजनों व अन्य ग्रामीणों ने बरवाला पुलिस थाना के आगे शव रखकर जाम लगा दिया। ग्रामीणों

ने काफी देर तक नारेबाजी करते हुुए पुलिस पर प्रताड़ित करने तक के आरोप लगा दिए।

परिजन मृतक का शव लेकर थाने पहुंचे और मामले में

पुलिस जांच अधिकारी पर गंभीर आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की। इस धरना प्रदर्शन

में इन गुस्साए परिजनों और ग्रामीणों ने पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

मृतक के परिजनों का आरोप है कि एक पारिवारिक विवाद के मामले

में एक महिला द्वारा दी गई शिकायत के संबंध में शुक्रवार को बिंटू समेत कुछ लोगों को

पूछताछ के लिए बरवाला थाना बुलाया गया था।

परिजनों ने आरोप लगाते हुए कहा कि पूछताछ

के दौरान बिंटू को लंबे समय तक थाने में बैठाए रखा और पीने के लिए पानी नहीं दिया गया

और ना ही पीने के पानी तक जाने दिया गया जिससे उसकी तबीयत खराब हो गई। देर शाम को घर

लौटने के बाद उसकी हालत बिगड़ गई और उसे उपचार के लिए अस्पताल ले जाना पड़ा।

परिजनों के अनुसार पहले उसे बरवाला के एक निजी

अस्पताल में भर्ती कराया गया लेकिन हालत गंभीर होने पर अग्रोहा मेडिकल कॉलेज रेफर कर

दिया गया, जहां उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत के बाद गुस्साए परिजन रविवार सुबह

शव को लेकर बरवाला थाना पहुंच गए और थाना के मुख्य गेट के बाहर धरने पर बैठ गए। इस

धरना प्रदर्शन के दौरान परिजनों ने आरोप लगाया कि पुलिस द्वारा अनावश्यक रूप से परेशान

किए जाने के कारण बिंटू की तबीयत बिगड़ी और उसकी जान चली गई। उन्होंने संबंधित जांच

अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।

मामले की सूचना मिलने पर क्षेत्र के कई गणमान्य

लोग और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। दोनों पक्षों के बीच हुई बातचीत और समझाने के

बाद मामला शांत हुआ। इसके बाद परिजन शव को गांव खरकड़ा ले गए, जहां अंतिम संस्कार किया

गया। उन्होंने कहा कि पुलिस द्वारा पूछताछ के दौरान

किसी प्रकार की प्रताड़ना नहीं दी गई और न ही कोई लापरवाही बरती गई। बातचीत के बाद

परिजन संतुष्ट होकर शव को अंतिम संस्कार के लिए गांव खरकड़ा ले गए।

हिन्दुस्थान समाचार / राजेश्वर