13 फास्ट ट्रैक कोर्ट बनाकर सरकार ने लिया ऐतिहासिक फैसला: प्रवीण अत्रे
केसों की सुनवाई होगी तेज, अभियोजन पक्ष को मिलेगी मजबूती
चंडीगढ़, 19 जून (हि.स.)। हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी के मीडिया सचिव प्रवीण अत्रे ने कहा है कि राज्य सरकार ने नशे के खिलाफ लड़ाई को तेज करते हुए 13 फास्ट ट्रैक अदालतों का गठन करने का ऐतिहासिक फैसला लिया है। अब हरियाणा में एनडीपीएस फास्ट ट्रैक/स्पेशल कोर्ट की संख्या बढक़र कुल 21 हो गई है। आज यहां जारी एक बयान में प्रवीण अत्रे ने कहा कि हरियाणा में वर्ष 2014 से सत्ता संभाल रही भारतीय जनता पार्टी ने नशे के विरूद्ध लड़ाई में निर्णायक फैसले लिए हैं। नशा तस्करों की अवैध संपत्ति पर बुलडोजर चलाकर तस्करों तथा उन्हें प्रोत्साहित करने वालों के मनोबल पर चोट पहुंचाई गई है।पूर्व में 13 अप्रैल 2022 को सिरसा और फतेहाबाद में दो एनडीपीएस फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित किए गए थे। इसके बाद 3 फरवरी 2023 को अंबाला, हिसार, कैथल, करनाल, कुरुक्षेत्र और पानीपत में छह एनडीपीएस फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित किए गए। अब 18 जून 2026 को एक साथ 13 फास्ट ट्रैक कोर्ट स्थापित किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि विशेष एनडीपीएस न्यायालयों की संख्या बढऩे से मामलों की सुनवाई में तेजी आएगी, अभियोजन पक्ष को मजबूती मिलेगी और दोषियों को शीघ्र सजा सुनिश्चित हो सकेगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के मार्गदर्शन में सरकार नशा तस्करों के खिलाफ ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति पर कार्य कर रही है तथा नशे के पूरे तंत्र को ध्वस्त करने के लिए बहुआयामी रणनीति अपनाई जा रही है। प्रवीण अत्रे ने कहा कि सरकार द्वारा लिए गए इस फैसले के निकट भविष्य में बेहद ठोस व सकारात्मक परिणाम सबके सामने आएंगे।
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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा